फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   Now animals will be treated in villages

Ambedkar Nagar News: अब गांवों में ही होगा पशुओं का बेहतर उपचार

Mon, 27 Mar 2023 12:10 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, अम्बेडकरनगर Updated Mon, 27 Mar 2023 12:10 AM IST
विज्ञापन
Now animals will be treated in villages
वेटरिनरी एंबुलेंस को कलेक्ट्रेट से रविवार को रवाना करते एमएलसी व डीएम।
अंबेडकरनगर। पशुओं के बेहतर इलाज के लिए अब पशुपालकों को पशु अस्पताल तक की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी। रविवार को छह मोबाइल वेटेरिनरी यूनिट अकबरपुर पहुंचीं। प्रत्येक एमवीयू में एक चिकित्सक, एक स्वास्थ्य कर्मचारी की मौजूदगी के साथ-साथ आवश्यक दवाएं होंगी।
विज्ञापन





रविवार को चार एमवीयू को लखनऊ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हरी झंडी दिखाकर जिले के लिए रवाना किया तो दो एमवीयू को कलेक्ट्रेट से एमएलसी हरिओम पांडेय ने रवाना किया।
विज्ञापन




पशुधन स्वास्थ्य एवं रोग नियंत्रण योजना की शुरुआत रविवार से हुई। इसके तहत अंबेडकरनगर जनपद को छह मोबाइल वेटेरिनरी यूनिट वैन शासन से उपलब्ध हुईं। इनमें से चार एमवीयू को लखनऊ में आयोजित भव्य कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हरी झंडी दिखाकर भेजा। वैन देर शाम तक जिले में पहुंच भी गईं।
विज्ञापन
विज्ञापन




इसके अलावा जिले में सीधे पहुंचीं दो एमवीयू को कलेक्ट्रेट से एमएलसी हरिओम पांडेय ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कहा कि इस योजना के संचालन से पशुपालकों को व्यापक लाभ मिलेगा। उन्हें बीमार पशुओं के इलाज के लिए इधर-उधर की दौड़ नहीं लगानी होगी।


डीएम अविनाश सिंह ने कहा कि पशुओं के बेहतर इलाज के लिए एमवीयू मील का पत्थर साबित होंगी। पशुओं का तत्काल बेहतर इलाज सुनिश्चित किया जा सकेगा। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी ने बताया कि प्रत्येक एमवीयू दवाओं व चिकित्सक से लैस होगी। प्रत्येक वैन में दवाओं की किट की मौजूदगी के साथ-साथ एक चिकित्सक व एक स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहेंगे।





यदि पशु बीमार हो या फिर घायल हो तो तत्काल उपचार सुनिश्चित करने के लिए कुछ ही देर में मोबाइल वेटेरिनरी यूनिट वैन मौके पर पहुंच जाएगी। इसके लिए बस 1962 पर फोन करना होगा। मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. नरेंद्र प्रताप ने बताया कि पशुपालकों को अब मवेशियों के बेहतर इलाज के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। टोल फ्री नंबर 1962 पर फोन कर उन्हें स्थान का नाम बताने के साथ ही बीमारी के बारे में जानकारी देनी होगी।




बताया कि एमवीयू वैन मौके पर पहुंचेगी और उसमें मौजूद चिकित्सकों की टीम पशुओं का बेहतर ढंग से इलाज करेगी। वैन में दवाएं भी मौजूद रहेंगी। इसके अलावा यदि कोई छुट्टा पशु भी बीमार पड़ता है या फिर घायल होता है तो संबंधित नंबर पर फोन करने पर टीम पहुंचकर उसका इलाज सुनिश्चित करेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed