{"_id":"5b5df7194f1c1b3b5a8b7ad8","slug":"153288475317-ambedkar-nagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"खतरे का लाल निशान लांघ सात सेंटीमीटर ऊपर पहुंची सरयू नदी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खतरे का लाल निशान लांघ सात सेंटीमीटर ऊपर पहुंची सरयू नदी
Updated Sun, 29 Jul 2018 11:05 PM IST
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टांडा/विद्युतनगर (अंबेडकरनगर)। सरयू नदी का पानी जिले में लाल निशान से सात सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया है। इसे देखते हुए नदी के किनारे बसे 15 गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है। प्रशासन ने सभी बाढ़ चौकियों को अलर्ट कर दिया है। टांडा के अलावा आलापुर के भी एसडीएम को भी डीएम ने निर्देशित किया है कि अपने-अपने क्षेत्रों का जायजा लिया जाए। एसडीएम टांडा ने रविवार दोपहर बाद कई क्षेत्रों का जायजा लिया। ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उन्हें परेशान होने की जरूरत नही है। प्रशासन सभी जरूरी मदद उपलब्ध कराएगा।
गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से सरयू के जलस्तर में वृद्धि दर्ज की जा रही थी। इससे नदी का पानी तेजी से खतरे के निशान की तरफ बढ़ रहा था। शनिवार देर शाम नदी का पानी 92.66 मीटर पर पहुंच गया था, जो खतरे के लाल निशान 92.73 मीटर से महज सात सेंटीमीटर कम था। इसे देखते हुए जिला प्रशासन शनिवार को ही सक्रिय हो गया था। डीएम सुरेश कुमार ने दोनों तहसील के एसडीएम व कुछ कर्मचारियों के साथ बैठक कर समीक्षा भी की थी। इस बीच शनिवार रात दो बजे करीब सरयू नदी का पानी खतरे के जलस्तर को पार कर गया। सुबह 6 बजे पानी खतरे के निशान से 1 सेंटीमीटर ऊपर तक पहुंचकर स्थिर हो गया। लगभग चार घंटे तक यही स्थिति बनी रही। सुबह दस बजे के बाद एक बार फिर से जलस्तर में वृद्धि का दौर शुरू हो गया। अपराह्न चार बजे तक की जो रिपोर्ट सामने आई उसके अनुरूप नदी का पानी खतरे के निशान से सात सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया था।
नदी के पानी के खतरे का निशान पार करने की सूचना मिली तो डीएम सुरेश कुमार व आलापुर तहसील के एसडीएम को हालात पर नजर बनाए रखने को कहा। इसके साथ ही सभी 12 चौकियों को अलर्ट कर दिया गया। इस बीच एसडीएम टांडा पंकज ङ्क्षसह ने सीओ बीके श्रीवास्तव व तहसीलदार मेवालाल के साथ नदी के जलस्तर का जायजा भी लिया। एसडीएम ने बाद में बताया कि बाढ़ चौकियों पर जरूरी इंतजाम हैं। राशन भी पर्याप्त मौजूद है। अभी पलायन जैसी कोई स्थित नही है। ग्रामीणों की सभी जरूरी मदद सुनिश्चित होगी।
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इन गांव के लोगों की बढ़ी चिंता
सरयू नदी के जलस्तर में वृद्धि से माझा उल्टहवा, माझा करमपुर, बरसावां, माझा अवसानपुर, माझा महरीपुर, माझा आसोपुर, माझा छज्जापुर, डुहिया, इस्माईलपुर बेलदहा, फूलपुर, केवटला व पल्टूपीर समेत 15 गांव के लोगों की मुश्किलें बढ़ने लगी है। फसलों का प्रभावित होना शुरू हो गया है। इसके साथ ही टांडा नगर के छज्जापुर, राजघाट, हनुमानगढ़ी व मुबारकपुर मोहल्लों के नजदीक तक पानी पहुंच जाने से संबंधित क्षेत्र के नागरिकों की भी चिंता बढ़ रही है। दरअसल जलस्तर में इसी तरह बढ़ोत्तरी होते रहने से आने वाले दिनों में पानी से शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्र के लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
स्थिति पर है लगातार नजर
बाढ़ की स्थिति को लेकर टांडा व आलापुर दोनों तहसीलों में लगातार नजर रखी जा रही है। जो भी जरूरी मदद महसूस होगी, वह की जाएगी। लोगों को कतई परेशान होने की जरूरत नही है। प्रशासन पूरी तरह उनके साथ है। -सुरेश कुमार, डीएम
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गौरतलब है कि पिछले कई दिनों से सरयू के जलस्तर में वृद्धि दर्ज की जा रही थी। इससे नदी का पानी तेजी से खतरे के निशान की तरफ बढ़ रहा था। शनिवार देर शाम नदी का पानी 92.66 मीटर पर पहुंच गया था, जो खतरे के लाल निशान 92.73 मीटर से महज सात सेंटीमीटर कम था। इसे देखते हुए जिला प्रशासन शनिवार को ही सक्रिय हो गया था। डीएम सुरेश कुमार ने दोनों तहसील के एसडीएम व कुछ कर्मचारियों के साथ बैठक कर समीक्षा भी की थी। इस बीच शनिवार रात दो बजे करीब सरयू नदी का पानी खतरे के जलस्तर को पार कर गया। सुबह 6 बजे पानी खतरे के निशान से 1 सेंटीमीटर ऊपर तक पहुंचकर स्थिर हो गया। लगभग चार घंटे तक यही स्थिति बनी रही। सुबह दस बजे के बाद एक बार फिर से जलस्तर में वृद्धि का दौर शुरू हो गया। अपराह्न चार बजे तक की जो रिपोर्ट सामने आई उसके अनुरूप नदी का पानी खतरे के निशान से सात सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गया था।
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नदी के पानी के खतरे का निशान पार करने की सूचना मिली तो डीएम सुरेश कुमार व आलापुर तहसील के एसडीएम को हालात पर नजर बनाए रखने को कहा। इसके साथ ही सभी 12 चौकियों को अलर्ट कर दिया गया। इस बीच एसडीएम टांडा पंकज ङ्क्षसह ने सीओ बीके श्रीवास्तव व तहसीलदार मेवालाल के साथ नदी के जलस्तर का जायजा भी लिया। एसडीएम ने बाद में बताया कि बाढ़ चौकियों पर जरूरी इंतजाम हैं। राशन भी पर्याप्त मौजूद है। अभी पलायन जैसी कोई स्थित नही है। ग्रामीणों की सभी जरूरी मदद सुनिश्चित होगी।
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इन गांव के लोगों की बढ़ी चिंता
सरयू नदी के जलस्तर में वृद्धि से माझा उल्टहवा, माझा करमपुर, बरसावां, माझा अवसानपुर, माझा महरीपुर, माझा आसोपुर, माझा छज्जापुर, डुहिया, इस्माईलपुर बेलदहा, फूलपुर, केवटला व पल्टूपीर समेत 15 गांव के लोगों की मुश्किलें बढ़ने लगी है। फसलों का प्रभावित होना शुरू हो गया है। इसके साथ ही टांडा नगर के छज्जापुर, राजघाट, हनुमानगढ़ी व मुबारकपुर मोहल्लों के नजदीक तक पानी पहुंच जाने से संबंधित क्षेत्र के नागरिकों की भी चिंता बढ़ रही है। दरअसल जलस्तर में इसी तरह बढ़ोत्तरी होते रहने से आने वाले दिनों में पानी से शहरी व ग्रामीण दोनों क्षेत्र के लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ेगा।
स्थिति पर है लगातार नजर
बाढ़ की स्थिति को लेकर टांडा व आलापुर दोनों तहसीलों में लगातार नजर रखी जा रही है। जो भी जरूरी मदद महसूस होगी, वह की जाएगी। लोगों को कतई परेशान होने की जरूरत नही है। प्रशासन पूरी तरह उनके साथ है। -सुरेश कुमार, डीएम