{"_id":"599734244f1c1bab778b48eb","slug":"101503081508-allahabad-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"अधिक संपति में फंसे पीआरओ","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
अधिक संपति में फंसे पीआरओ
Updated Sat, 19 Aug 2017 12:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संशोधित
00000000000000
आय से अधिक संपत्ति में फंसे रुद्रमणि मिश्रा
पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री राकेशधर त्रिपाठी के रहे हैं पीआरओ
विजिलेंस टीम ने थाना हंडिया में दर्ज कराया मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
विजिलेंस टीम ने पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री के जनसंपर्क अधिकारी रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मुकदमा दर्ज करा दिया है। वर्ष 2013 में इन पर आय से अधिक संपत्ति के आरोप लगाए गए थे। इन आरोपों की प्रदेश सरकार ने विजिलेंस से खुली जांच के आदेश कर दिए थे। तीन साल तक इन आरोपों की जांच हुई और साक्ष्यों के आधार पर 7 लाख 56 हजार रुपये की आय अधिक होने की पुष्टि हुई है।
सतर्कता अधिष्ठान के निरीक्षक ज्ञानेंद्र नाथ शुक्ला की ओर से थाना हंडिया में रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसमें कहा है कि यह थाना हंडिया के गांव बद्दू का पुरा में रहते हैं। इनको लोक सेवक के रूप में तैनाती के दौरान सरकार की ओर से वेतन एवं भत्ते के रूप में 13,56,446 रुपये मिले थे। जबकि जांच के दौरान 21,10,659 रुपये खर्च करने की पुष्टि हुई है। जांच के दौरान साढ़े सात लाख अधिक रुपये खर्च करने के बारे में वह साक्ष्य नहीं दे पाए। इस राशि को आय से अधिक मानते हुए शासन और महानिदेशक सतर्कता अधिष्ठान को रिपोर्ट भेजी गई। जिसके आधार पर आज थाना हंडिया में रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। इस मुकदमे की विवेचना इलाहाबाद के विजिलेंस इंस्पेक्टर की ओर से की जाएगी।
विज्ञापन
00000000000000
आय से अधिक संपत्ति में फंसे रुद्रमणि मिश्रा
पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री राकेशधर त्रिपाठी के रहे हैं पीआरओ
विजिलेंस टीम ने थाना हंडिया में दर्ज कराया मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद।
विजिलेंस टीम ने पूर्व उच्च शिक्षा मंत्री के जनसंपर्क अधिकारी रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मुकदमा दर्ज करा दिया है। वर्ष 2013 में इन पर आय से अधिक संपत्ति के आरोप लगाए गए थे। इन आरोपों की प्रदेश सरकार ने विजिलेंस से खुली जांच के आदेश कर दिए थे। तीन साल तक इन आरोपों की जांच हुई और साक्ष्यों के आधार पर 7 लाख 56 हजार रुपये की आय अधिक होने की पुष्टि हुई है।
सतर्कता अधिष्ठान के निरीक्षक ज्ञानेंद्र नाथ शुक्ला की ओर से थाना हंडिया में रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसमें कहा है कि यह थाना हंडिया के गांव बद्दू का पुरा में रहते हैं। इनको लोक सेवक के रूप में तैनाती के दौरान सरकार की ओर से वेतन एवं भत्ते के रूप में 13,56,446 रुपये मिले थे। जबकि जांच के दौरान 21,10,659 रुपये खर्च करने की पुष्टि हुई है। जांच के दौरान साढ़े सात लाख अधिक रुपये खर्च करने के बारे में वह साक्ष्य नहीं दे पाए। इस राशि को आय से अधिक मानते हुए शासन और महानिदेशक सतर्कता अधिष्ठान को रिपोर्ट भेजी गई। जिसके आधार पर आज थाना हंडिया में रुद्रमणि मिश्रा के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। इस मुकदमे की विवेचना इलाहाबाद के विजिलेंस इंस्पेक्टर की ओर से की जाएगी।
विज्ञापन