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इलाहाबादी अमरूद : पश्चिम बंगाल तक पहुंचा सेब के रंग वाला इलाहाबादी अमरूद, पौधो की सर्वाधिक मांग मध्य प्रदेश मे

Sun, 19 Nov 2023 04:05 PM IST
विनोद सिंह श्रीकांत मिश्रा, प्रयागराज
श्रीकांत मिश्रा, प्रयागराज Published by: विनोद सिंह Updated Sun, 19 Nov 2023 04:05 PM IST
सार

इलाहाबादी अमरूद के बाग लगाने को लेकर मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड से लेकर बंगाल तक के किसान उत्साहित दिख रहे हैं। कारण यह है कि अमरूद की यह प्रजाति देखने में तो खूबसूरत सेब जैसी है ही, इसकी मिठास भी औरों से बहुत अधिक है।

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Apple colored Allahabadi guava reaches West Bengal
इलाहाबादी अमरूद। - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

खुसरो बाग के औद्यानिक प्रयोग और प्रशिक्षण केंद्र में तैयार की जा रही अमरूद की कई प्रजातियों में से एक है ‘एप्पल कलर’। सेब के रंग वाले इस इलाहाबादी अमरूद की पौध की मांग यूं तो मध्य प्रदेश, उत्तराखंड, बिहार तक होती आई है लेकिन इसके चाहने वालों में पश्चिम बंगाल भी शामिल हो गया है। वहां के किसानों ने 100 पौधे मंगाए हैं। एप्पल कलर वाले अमरूद की पौध की मांग को देखते हुए इस बार पांच हजार अधिक पौध तैयार की गई है।

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इलाहाबादी अमरूद के बाग लगाने को लेकर मध्य प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड से लेकर बंगाल तक के किसान उत्साहित दिख रहे हैं। कारण यह है कि अमरूद की यह प्रजाति देखने में तो खूबसूरत सेब जैसी है ही, इसकी मिठास भी औरों से बहुत अधिक है। दूसरी वजह यह भी है कि इलाहाबाद में इस अमरूद की कीमत जहां 50-60 रुपये प्रति किलो तक रहती है, जबकि दूसरे राज्यों में यह 100 रुपये किलो तक बिकता है।
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मुख्य उद्यान विशेषज्ञ कृष्ण मोहन चौधरी बताते हैं कि इस साल सेब के रंग वाले अमरूद की 16 हजार पौध तैयार की गई है। यह पिछले वर्ष के मुकाबले पांच हजार अधिक है। बीते वर्ष केंद्र से 11 हजार पौधे बेचे गए थे। इस साल मार्च से अब तक सात हजार पौधे बेचे जा चुके हैं। इनमें से सर्वाधिक खरीदार मध्य प्रदेश के कटनी और जबलपुर जिले के किसान हैं। पश्चिम बंगाल के किसानों ने पहली बार इलाहाबादी अमरूद की खेती की शुरुआत की है। वहां से 100 पौधे लिए गए हैं।

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केंद्र में दूसरी प्रजातियां भी

केंद्र में एप्पल कलर के अलावा भी अमरूद की दूसरी प्रजातियों की पौध तैयार की जाती है। इनमें सफेदा, सुर्खा, श्वेता, ललित और पंथ प्रभात की पौध भी तैयार की जाती हैं। सैम हिगिनबॉटम कृषि, प्रौद्योगिकी और विज्ञान विश्वविद्यालय (शुआट्स) के औद्यानिकी विभाग के डॉ. शैलेंद्र सिंह ने बताया कि एप्पल कलर अमरूद दिखने में सेब की तरह तो है ही, पोषण से भी भरपूर है। इसमें सामान्य अमरूद के मुकाबले आयरन की मात्रा ज्यादा पाई जाती है।

दोमट मिट्टी है सेबिया अमरूद के लिए उपयुक्त

सेब के रंग वाले अमरूद के लिए दोमट मिट्टी सबसे अधिक उपयुक्त है। मिट्टी अच्छी होने से लाल रंग अच्छा आता है और मिठास भी बढ़ती है। डॉ. शैलेंद्र सिंह बताते हैं कि पौधा रोपने से पहले एक मीटर गहरा गड्ढा खोदकर 15 छोड़ देना चाहिए, ताकि कीट और कवक नष्ट हो जाएं। एक साल में यह पौधा फल देने लायक हो जाता है।

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