लापरवाही: बिजली विभाग के सुस्त तंत्र ने ली किसान तेज सिंह की जान, पत्नी आईसीयू में
अतरौली के नौरथा गांव में बिजली विभाग के लापरवाह तंत्र के कारण तेज धमाके के साथ ट्रांसफार्मर फट गया। ट्रांसफार्मर से निकला खौलता तेल तेज सिंह और उनकी पत्नी के ऊपर गिर गया। बेटा भी मामूली रूप से झुलस गया। किसान तेज सिंह की मौत हो ग।
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बिजली विभाग के सुस्त तंत्र ने 26 अगस्त को किसान तेज सिंह की जान ले ली जबकि उनकी पत्नी आईसीयू में हैं। जिस ट्रांसफार्मर के फटने से किसान की मौत हुई और पत्नी गंभीर है उसे बदलवाने के लिए ग्रामीण कई दफा बिजली वालों से शिकायत कर चुके थे। ट्रांसफार्मर से आए दिन निकलने वाली चिंगारी की वीडियो बनाकर भी अफसरों की भेजी। मगर किसी ने ध्यान नहीं दिया। ट्रांसफार्मर फट गया और किसान की जान चली गई।
अतरौली के नौरथा गांव में बिजली विभाग के लापरवाह तंत्र के कारण यह घटना 26 अगस्त की भोर में घटी। इसी गांव के निवासी तेज सिंह बघेल (58) किसान हैं। वह खेती के साथ ही पशुपालन भी करते हैं। तेज सिंह तड़के करीब पांच बजे अपनी पत्नी भागवती और बेटे बनी सिंह के साथ घर से निकलकर पास में ही घेर में पशुओं को चारा डालने के लिए जा रहे थे। अचानक तेज धमाके के साथ उनके घर के पास लगा ट्रांसफार्मर फट गया।
ट्रांसफार्मर से निकला खौलता तेल तेज सिंह और उनकी पत्नी के ऊपर गिर गया। बेटा भी मामूली रूप से झुलस गया। चीखपुकार सुनकर गांव के लोग मौके पर पहुंचे और तीनों को आननफानन सीएचसी ले जाया गया। जहां हालत गंभीर देख एएमयू के जेएन मेडिकल कॉलेज अलीगढ़ रेफर कर दिया गया। मेडिकल कॉलेज में तेज सिंह को मृत घोषित कर दिया गया। भागवती देवी की हालत गंभीर है। इस मामले में मृत तेज सिंह के नाती देवेंद्र सिंह ने कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसमें कहा है कि विभागीय लापरवाही से हादसा हुआ है।
ग्रामीण कई दफा कर चुके थे ट्रांसफार्मर बदलने की मांग
गांव नौरथा में तेज सिंह के घर के निकट लगा ट्रांसफार्मर कुछ दिन पहले फुंक गया था। 10 दिन पहले ही ट्रांसफॉर्मर बदलकर रखा गया था। गांव के पूर्व प्रधान रामगोपाल, उपेंद्र ठाकुर आदि ने बताया कि लगने के बाद से ही आए दिन ट्रांसफार्मर चिंगारी दे रहा था। गांव में जब भी बिजली कर्मचारी आते तो ट्रांसफॉर्मर की यह खामी उन्हें बताई जाती। इसके बाद भी बिजली विभाग ने कोई ध्यान नहीं दिया और हादसा हो गया। पूर्व प्रधान जयप्रकाश चौहान, गोपाल सिंह आदि ने बताया कि गांव में आबादी के बीच लगे ट्रांसफॉर्मर व घरों की छत से गुजर रही विद्युत लाइनों को हटाने के लिए भी कई बार शिकायत की गई, लेकिन विभाग ने कोई कार्य नहीं किया।
बिजली विभाग के अधिशासी अभियंता लक्ष्मी शंकर ने बताया कि जो ट्रांसफॉर्मर फटा है, वह कुछ दिन पहले ही लगाया गया था। इसके कारणों का पता लगाया जाएगा। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।-लक्ष्मी शंकर, अधिशासी अभियंता, बिजली विभाग
घरेलू कनेक्शन और नलकूप की लाइनें अलग करने का काम तीन साल पहले विभाग ने किया था। हमने तभी कहा था कि छतों से गुजर रही लाइनें व ट्रांसफॉर्मर को आबादी से हटाकर दूर शिफ्ट किया जाए। लेकिन सुनवाई नहीं हुई।- हरदेश कुमार, प्रधान
-यह हादसा बिजली विभाग की लापरवाही के कारण हुआ है। ग्रामीणों द्वारा ट्रांसफॉर्मर में खराबी की शिकायत किए जाने के बाद भी ध्यान नहीं दिया गया। किसान परिवार को तत्काल शासन से सहायता राशि दी जाए।- डॉ. पुष्पेंद्र लोधी, जिपं सदस्य
दस दिन पहले ही ट्रांसफॉर्मर बदला गया था। कोई तकनीकी कमी के चलते यह दुखद घटना हुई है। मैंने हाल ही में चार्ज संभाला है।-आशीष यादव, जेई।