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मुख्यमंत्री योगी बोले: कोरोना की तीसरी लहर खतरनाक नहीं, मांगती है सतर्कता और सावधानी
Sat, 22 Jan 2022 09:37 PM IST
Vikas Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
Published by: Vikas Kumar
Updated Sat, 22 Jan 2022 09:37 PM IST
सार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पं. दीनदयाल अस्पताल के निरीक्षण के उपरांत पत्रकारों से रूबरू हो रहे थे। उन्होंने कहा कि कोरोना प्रबंधन के काम को प्रधानमंत्री स्वयं देखते हैं। समीक्षा करते हैं और विशेषज्ञों से राय लेकर इसकी रोकथाम के उपाय कराते हैं।
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योगी आदित्यनाथ ने किया पं. दीनदयाल अस्पताल का निरीक्षण
- फोटो : amar ujala
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विस्तार
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कोरोना की तीसरी लहर इतनी खतरनाक नहीं है। इससे बचने के लिए सतर्कता और सावधानी आवश्यक है। दुनिया की सबसे बड़ी महामारी कोविड के प्रबंधन में भारत की देश में ही नहीं विदेश में भी सराहना हो रही है। उत्तर प्रदेश कोरोना प्रबंधन के मामले में अग्रणी रहा है। हमने जीवन एवं जीविका दोनों के बचाव का पूरा प्रबंध किया है। बचाव के लिए कोविड गाइड लाइनों का पालन करें और वैक्सीनेशन अवश्य कराएं।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पं. दीनदयाल अस्पताल के निरीक्षण के उपरांत पत्रकारों से रूबरू हो रहे थे। उन्होंने कहा कि कोरोना प्रबंधन के काम को प्रधानमंत्री स्वयं देखते हैं। समीक्षा करते हैं और विशेषज्ञों से राय लेकर इसकी रोकथाम के उपाय कराते हैं। कोविड पर नियंत्रण के लिए उन्होंने कई बार देश के मुख्यमंत्रियों और बुद्धिजीवियों की बैठक बुलाई और उनकी तथा विशेषज्ञों की राय लेकर इस वैश्विक महामारी पर नियंत्रण के उपाय कराए। उन्होंने कहा कि तीसरी लहर उतनी खतरनाक नहीं है। इसमें संक्रमण दूसरी लहर के मुकाबले तीव्र है, लेकिन यह सीधे फेफड़ों को प्रभावित नहीं करता, जबकि दूसरी लहर में फेफड़े सीधे सीधे प्रभावित हो रहे थे। हम इसके प्रबंधन में जुटे हुए हैं। मैं हर जिले का दौरा कर रहा हूं। इसी कड़ी में अलीगढ़ आया हूं। पहली और दूसरी लहर के दौरान भी मैं यहां आया था। उस दौरान कोविड के काम को नजदीक से देखा। अलीगढ़ की समीक्षा में पता चला कि जितने सक्रिय केस हैं, उनमें से एक फीसदी भी अस्पताल में भर्ती नहीं हैं। जो अस्पतालों में भर्ती हैं, वे भी इतने गंभीर नहीं हैं कि उन्हें ऑक्सीजन आदि की जरूरत पड़े। उन्होंने बताया कि देश में बनी स्वदेशी वेक्सीन बहुत प्रभावी है।
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अब तक देश भर में 107 करोड़ लोगों को वैक्सीन दी जा चुकी है। उत्तर प्रदेश में 24 करोड़ 54 लाख वैक्सीन की डोज दी जा चुकी है। अलीगढ़ में 32 लाख 77 हजार डोज दी जा चुकी हैं। 96 फीसदी को पहली, 57 फीसदी को दूसरी डोज दी गई है। 15 से 17 वर्ष तक के 2 लाख 57 हजार लोगों को वैक्सीन लग चुकी है। बुजुर्ग व बीमार 13783 लोगों को प्रीकाशन डोज दी गई है। सेकेंड वेब में ऑक्सीजन की कमी थी। अब अलीगढ़ में 11 ऑक्सीजन प्लांट स्थापित हैं। दीनदयाल अस्पताल में ही दो प्लांट हैं। हर व्यक्ति के लिए राशन और स्वास्थ्य सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। 96 फीसदी लोगों को कोरोना वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है। बीमारी से बचाव के लिए हर व्यक्ति को वैक्सीनेशन कराना चाहिए।
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तीसरी लहर में सर्वाधिक खतरा पहले से बीमार, बुजुर्ग, महिला और बच्चों को है। यह लोग आवश्यक होने पर ही घर से बाहर निकलें और वैक्सीनेशन अवश्य कराएं। इससे पूर्व मुख्यमंत्री ने दोपहर 2:30 बजे पंडित दीनदयाल उपाध्याय संयुक्त चिकित्सालय में पहुंचकर कोविड वार्ड का निरीक्षण किया और यहां भर्ती कोविड मरीजों का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वस्थ्य होने की कामना की।