{"_id":"5f2eeb1dd67f2f11071d1dda","slug":"big-agitation-in-country-against-caa-and-nrc-soon-mehmood-pracha","type":"story","status":"publish","title_hn":"सीएए और एनआरसी के खिलाफ देश में बड़ा आंदोलन जल्द : महमूद प्राचा ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सीएए और एनआरसी के खिलाफ देश में बड़ा आंदोलन जल्द : महमूद प्राचा
Sat, 08 Aug 2020 11:43 PM IST
राजेश सिंह
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
Published by: राजेश सिंह
Updated Sat, 08 Aug 2020 11:43 PM IST
विज्ञापन
महमूद प्राचा।
- फोटो : neeraj
दिल्ली के शाहीन बाग आंदोलन से जुड़े सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता महमूद प्राचा ने कहा है कि जल्द ही पूरे देश में नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के खिलाफ एक बड़ा आंदोलन शुरू होगा।
महमूद प्राचा शनिवार को अलीगढ़ में इसी मुहिम के सिलसिले में आए थे। अमर उजाला से विशेष बातचीत में उन्होंने कहा कि यह आंदोलन नागरिकता और संविधान दोनों को ही बचाने के लिए शुरू किया जाएगा।
वह प्रत्येक शहर में जाकर इसके लिए लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अलीगढ़ में इस आंदोलन की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण रहेगी। क्योंकि अलीगढ़ से एक संदेश पूरे देश और दुनिया में जाता है। इसलिए इस आंदोलन के लिए अलीगढ़ बेहद खास है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि जिस तरह पुरी की जगन्नाथ यात्रा को सशर्त अनुमति दी गई कि 500 से अधिक लोग इस रथयात्रा में उपस्थित नहीं होंगे। इसी तरह हमने सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि मोहर्रम के जुलूस को भी शर्तों के साथ अनुमति दी जाए। क्योंकि जो नियमन एक धर्म के लिए हो सकता है, वह अन्य धर्म पर भी लागू हो सकता है।
उन्होंने कहा कि नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ आंदोलन करने वाले लोगों को झूठे मुकदमे लगा कर जेलों में बंद किया गया। उन्हें देश के सामने खलनायक प्रस्तुत किया गया जो कि उचित नहीं है। अब वह सही तस्वीर सामने लाएंगे।
विज्ञापन
महमूद प्राचा शनिवार को अलीगढ़ में इसी मुहिम के सिलसिले में आए थे। अमर उजाला से विशेष बातचीत में उन्होंने कहा कि यह आंदोलन नागरिकता और संविधान दोनों को ही बचाने के लिए शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
वह प्रत्येक शहर में जाकर इसके लिए लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अलीगढ़ में इस आंदोलन की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण रहेगी। क्योंकि अलीगढ़ से एक संदेश पूरे देश और दुनिया में जाता है। इसलिए इस आंदोलन के लिए अलीगढ़ बेहद खास है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि जिस तरह पुरी की जगन्नाथ यात्रा को सशर्त अनुमति दी गई कि 500 से अधिक लोग इस रथयात्रा में उपस्थित नहीं होंगे। इसी तरह हमने सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि मोहर्रम के जुलूस को भी शर्तों के साथ अनुमति दी जाए। क्योंकि जो नियमन एक धर्म के लिए हो सकता है, वह अन्य धर्म पर भी लागू हो सकता है।
उन्होंने कहा कि नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ आंदोलन करने वाले लोगों को झूठे मुकदमे लगा कर जेलों में बंद किया गया। उन्हें देश के सामने खलनायक प्रस्तुत किया गया जो कि उचित नहीं है। अब वह सही तस्वीर सामने लाएंगे।