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एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट से कराए छात्र संघ चुनाव
Updated Fri, 28 Sep 2018 01:48 AM IST
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न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
एएमयू प्रशासन द्वारा भले ही 1 से 6 नवंबर के बीच छात्र संघ चुनाव कराने तथा गुरुवार तक मुख्य चुनाव अधिकारी के नाम की घोषणा करने का आश्वासन दिया गया है। लेकिन एएमयू के कुछ छात्र नेताओं ने छात्र संघ चुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के बदले एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट से कराने की मांग कर कैंपस में नई चर्चा छेड़ दी है।
एएमयू छात्र संघ के पूर्व उपाध्यक्ष नदीम अंसारी, आरडीए अध्यक्ष डॉ. अब्दुल्लाह आजमी, छात्र नेता अबू बकर एवं इमरान गाजी आदि ने कुलपति प्रो. तारिक मंसूर से मिलकर लिंगदोह के बदले एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट से चुनाव कराने की मांग की।
नदीम अंसारी ने बताया कि पूर्व कुलपति प्रो. पीके अब्दुल अजीज के जमाने से एएमयू में लिंगदोह के आधार पर चुनाव हो रहा है। लेकिन हकीकत यह है कि चुनाव न तो लिंगदोह एवं न ही एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट के तहत हो रहा है।
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लिंगदोह के अनुसार नया सत्र शुरू होने के 6 से 8 सप्ताह के अंदर चुनाव हो जाना चाहिए लेकिन आज तक निर्धारित समय पर चुनाव नहीं हुए। लिंगदोह की सिफारिशों के अनुसार कुलपति छात्र संघ के संरक्षक नहीं हो सकते।
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एएमयू प्रशासन द्वारा भले ही 1 से 6 नवंबर के बीच छात्र संघ चुनाव कराने तथा गुरुवार तक मुख्य चुनाव अधिकारी के नाम की घोषणा करने का आश्वासन दिया गया है। लेकिन एएमयू के कुछ छात्र नेताओं ने छात्र संघ चुनाव लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों के बदले एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट से कराने की मांग कर कैंपस में नई चर्चा छेड़ दी है।
एएमयू छात्र संघ के पूर्व उपाध्यक्ष नदीम अंसारी, आरडीए अध्यक्ष डॉ. अब्दुल्लाह आजमी, छात्र नेता अबू बकर एवं इमरान गाजी आदि ने कुलपति प्रो. तारिक मंसूर से मिलकर लिंगदोह के बदले एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट से चुनाव कराने की मांग की।
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नदीम अंसारी ने बताया कि पूर्व कुलपति प्रो. पीके अब्दुल अजीज के जमाने से एएमयू में लिंगदोह के आधार पर चुनाव हो रहा है। लेकिन हकीकत यह है कि चुनाव न तो लिंगदोह एवं न ही एएमयू कोड ऑफ कंडक्ट के तहत हो रहा है।
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लिंगदोह के अनुसार नया सत्र शुरू होने के 6 से 8 सप्ताह के अंदर चुनाव हो जाना चाहिए लेकिन आज तक निर्धारित समय पर चुनाव नहीं हुए। लिंगदोह की सिफारिशों के अनुसार कुलपति छात्र संघ के संरक्षक नहीं हो सकते।