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रोहिंग्या शरणार्थियों पर मोदी सरकार खेल रही है हिंदू कार्ड
Updated Mon, 11 Sep 2017 01:51 AM IST
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रोहिंग्या शरणार्थियों पर मोदी सरकार खेल रही है हिंदू कार्ड
ब्यूरो,अमर उजाला,अलीगढ़।
दलाई लामा के नेतृत्व में हजारों तिब्बती हिमाचल प्रदेश और उत्तरांचल में आए और यहां बस गए। भारतीय सीमा हमेशा नेपाली नागरिकों के लिए खुली है। लाखों नेपाली भारत में बस गए। श्रीलंका गृहयुद्ध के दौरान, लाखों तमिलों ने भारत में शरण ली। ऐसे में म्यांमार के रोहिंग्या शरणार्थियों के लिए सरकार मुश्किल में क्यों है।
ये बातें शरणार्थियों की समस्या के विशेषज्ञ डॉ. धर्मवीर सिंह ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की पानदरीबा स्थित कार्यालय में कहीं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार रोहिंग्या शरणार्थियों को लेकर ‘हिंदू कार्ड’ खेल रही है। जब भी प्रधानमंत्री मोदी मुसलमानों के बारे में बयान देते हैं, तो वे इसे अपनी लोकप्रियता से जोड़ते हैं।
रोहिंग्या शरणार्थियों का आतंकवादी संगठन अलकायदा और आईएसआईएस जैसे संगठनों से संबंध है और वे भारत में आतंकवादी नेटवर्क फैल रहा है। भाकपा के सचिव इकबाल मंद ने कहा कि अल्पसंख्यकों के प्रति भारत में नफरत अपने चरम पर है। 2014 में मोदी ने अपने चुनाव प्रचार के दौरान असम में कहा था कि वह केवल हिंदू शरणार्थियों को देश में आने की इजाजत देंगे।
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मुसलमान शरणार्थियों को आश्रय नहीं दिया जाएगा और गैर-हिंदू अवैध अप्रवासियों को देश से हटा दिया जाएगा। इस मौके पर रनवीर सिंह, इरफान अंसारी, हरीश चंद लोधी, भगवती प्रसाद चिंतक, राम कुमार शर्मा, मोहम्मद नईम, राजेश सैनी, गिरीश वर्मा, विनोद कुमार, प्रवीन कुमार, राहुल अग्रवाल, मास्टर भगवान दास, वीरेंद्र कुमार माहौर, जगदीश प्रसाद, आसिम खां आदि मौजूद रहे।
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ब्यूरो,अमर उजाला,अलीगढ़।
दलाई लामा के नेतृत्व में हजारों तिब्बती हिमाचल प्रदेश और उत्तरांचल में आए और यहां बस गए। भारतीय सीमा हमेशा नेपाली नागरिकों के लिए खुली है। लाखों नेपाली भारत में बस गए। श्रीलंका गृहयुद्ध के दौरान, लाखों तमिलों ने भारत में शरण ली। ऐसे में म्यांमार के रोहिंग्या शरणार्थियों के लिए सरकार मुश्किल में क्यों है।
ये बातें शरणार्थियों की समस्या के विशेषज्ञ डॉ. धर्मवीर सिंह ने भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की पानदरीबा स्थित कार्यालय में कहीं। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार रोहिंग्या शरणार्थियों को लेकर ‘हिंदू कार्ड’ खेल रही है। जब भी प्रधानमंत्री मोदी मुसलमानों के बारे में बयान देते हैं, तो वे इसे अपनी लोकप्रियता से जोड़ते हैं।
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रोहिंग्या शरणार्थियों का आतंकवादी संगठन अलकायदा और आईएसआईएस जैसे संगठनों से संबंध है और वे भारत में आतंकवादी नेटवर्क फैल रहा है। भाकपा के सचिव इकबाल मंद ने कहा कि अल्पसंख्यकों के प्रति भारत में नफरत अपने चरम पर है। 2014 में मोदी ने अपने चुनाव प्रचार के दौरान असम में कहा था कि वह केवल हिंदू शरणार्थियों को देश में आने की इजाजत देंगे।
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मुसलमान शरणार्थियों को आश्रय नहीं दिया जाएगा और गैर-हिंदू अवैध अप्रवासियों को देश से हटा दिया जाएगा। इस मौके पर रनवीर सिंह, इरफान अंसारी, हरीश चंद लोधी, भगवती प्रसाद चिंतक, राम कुमार शर्मा, मोहम्मद नईम, राजेश सैनी, गिरीश वर्मा, विनोद कुमार, प्रवीन कुमार, राहुल अग्रवाल, मास्टर भगवान दास, वीरेंद्र कुमार माहौर, जगदीश प्रसाद, आसिम खां आदि मौजूद रहे।