{"_id":"5dbab6698ebc3e0157423ef6","slug":"youth-shot-in-agra-news","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"आगरा: रंजिश में चचेरे भाई को गोली मारी, हिस्ट्रीशीटर आरोपी घर से फरार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आगरा: रंजिश में चचेरे भाई को गोली मारी, हिस्ट्रीशीटर आरोपी घर से फरार
Fri, 01 Nov 2019 10:27 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 01 Nov 2019 10:27 AM IST
विज्ञापन
घटनास्थल पर पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आगरा के ताजगंज स्थित गांव बुढ़ाना में गुरुवार सुबह हिस्ट्रीशीटर ने अपने चचेरे भाई को गोली मार दी। घायल की हालत गंभीर है। उसे निजी अस्पताल में भर्ती कराया है। घटना के बाद से आरोपी फरार हैं।
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी पूर्व में जेल गया था। उसकी चचेरे भाइयों ने जमानत नहीं कराई थी। तब से दोनों परिवारों के बीच रंजिश चली आ रही है।
गांव बुढ़ाना निवासी सौदान सिंह के बेटे विक्की, भूरा, कृपाराम और सत्यपाल पर कई मुकदमे चल रहे हैं। गुरुवार सुबह उनके घर में पुलिस ने दबिश दी। चारों घर से भाग गए। बताया गया कि एक मामले में आरोपियों के वारंट लेकर पुलिस आई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी पूर्व में जेल गया था। उसकी चचेरे भाइयों ने जमानत नहीं कराई थी। तब से दोनों परिवारों के बीच रंजिश चली आ रही है।
विज्ञापन
गांव बुढ़ाना निवासी सौदान सिंह के बेटे विक्की, भूरा, कृपाराम और सत्यपाल पर कई मुकदमे चल रहे हैं। गुरुवार सुबह उनके घर में पुलिस ने दबिश दी। चारों घर से भाग गए। बताया गया कि एक मामले में आरोपियों के वारंट लेकर पुलिस आई थी।
विज्ञापन
बीच बचाव करने पहुंचा था युवक
बाद में पुलिस चली गई। चारों भाई घर वापस आए। उन्होंने पड़ोस में रहने वाले अपने चाचा रामचरन पर पुलिस बुलाने का शक जताया। वो चाचा से झगड़ा करने लगे।
सौदान सिंह के छोटे भाई कालीचरन का बेटा वीपी सिंह (18) बीचबचाव कराने आ गया। आरोप है कि यह देखकर विक्की तमंचा निकाल लाया। उसने वीपी सिंह को गोली मार दी।
गोली उसकी गर्दन के पास जा लगी। वो घायल होकर गिर पड़ा। यह देखकर आरोपी विक्की और उसके भाई भाग खड़े हुए। घटना की जानकारी पर पुलिस पहुंच गई। पुलिस को आरोपियों के घर में महिलाएं मिलीं। पुलिस उन्हें थाने ले गई।
सौदान सिंह के छोटे भाई कालीचरन का बेटा वीपी सिंह (18) बीचबचाव कराने आ गया। आरोप है कि यह देखकर विक्की तमंचा निकाल लाया। उसने वीपी सिंह को गोली मार दी।
गोली उसकी गर्दन के पास जा लगी। वो घायल होकर गिर पड़ा। यह देखकर आरोपी विक्की और उसके भाई भाग खड़े हुए। घटना की जानकारी पर पुलिस पहुंच गई। पुलिस को आरोपियों के घर में महिलाएं मिलीं। पुलिस उन्हें थाने ले गई।
रंजिश में बोला हमला
घायल के पिता कालीचरन ने पुलिस को बताया कि कृपाराम और विक्की पूर्व में एक मामले में जेल गए थे। तब उन्होंने जमानत कराने में सहयोग नहीं किया था। तब से वह उनसे भी रंजिश मानते हैं।
कालीचरन ने दर्ज कराई रिपोर्ट में आरोप लगाया कि जमानत नहीं कराने की रंजिश में ही हमला बोला। विक्की और कृपाराम ने फायर कर दिया, जिसमें गोली लगने से विक्की घायल हो गया। कालीचरन बाल-बाल बच गए।
थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि कालीचरन की तहरीर पर सत्यपाल, विक्की, भूरी सिंह और कृपाराम के खिलाफ जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज किया गया है। विक्की और कृपाराम पूर्व में हत्या के मामले में जेल जा चुके हैं।
कालीचरन ने दर्ज कराई रिपोर्ट में आरोप लगाया कि जमानत नहीं कराने की रंजिश में ही हमला बोला। विक्की और कृपाराम ने फायर कर दिया, जिसमें गोली लगने से विक्की घायल हो गया। कालीचरन बाल-बाल बच गए।
थाना प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि कालीचरन की तहरीर पर सत्यपाल, विक्की, भूरी सिंह और कृपाराम के खिलाफ जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज किया गया है। विक्की और कृपाराम पूर्व में हत्या के मामले में जेल जा चुके हैं।
आरोपियों का है आपराधिक इतिहास
सीओ सदर ने बताया कि कृपाराम उर्फ रघु के खिलाफ थाना ताजगंज में पांच मुकदमे दर्र्ज हैं। इनमें हत्या, एनडीपीएस एक्ट, 25 आर्म्स एक्ट, जानलेवा हमला, लूट के हैं। विक्की और कृपाराम तीन साल पहले जेल जा चुके हैं।
पुलिस को बुलाने का शक
घायल वीपी सिंह के भाई विजय पाल ने बताया कि उसके ताऊ के बेटों पर कई मुकदमे चल रहे हैं। उनके घर में आए दिन पुलिस आती रहती है। वे शक करते हैं कि पुलिस उनके चाचा और चचेरे भाई बुलवाते हैं। इसलिए विवाद करते हैं। वीपी सिंह घर में सबसे छोटा है।
पुलिस को बुलाने का शक
घायल वीपी सिंह के भाई विजय पाल ने बताया कि उसके ताऊ के बेटों पर कई मुकदमे चल रहे हैं। उनके घर में आए दिन पुलिस आती रहती है। वे शक करते हैं कि पुलिस उनके चाचा और चचेरे भाई बुलवाते हैं। इसलिए विवाद करते हैं। वीपी सिंह घर में सबसे छोटा है।