मथुरा: सड़क हादसे में बड़े भाई की मौत, सदमे में छोटे भाई ने भी दी जान, परिवार में मचा कोहराम
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मथुरा जिले में सड़क हादसे में बड़े भाई की मौत के सदमे में छोटे भाई ने आत्महत्या कर ली। सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दोनों भाई मजदूरी करके अपना परिवार पाल रहे थे। उनकी मौत के बाद परिवार में कोहराम मच गया।
शहर कोतवाली के मोहल्ला रानीखेत अंबाखार निवासी मनोज चौहान (35) पुत्र बनवारी लाल चौहान की बुधवार शाम कैंट काली मां मंदिर के पास रोडवेज बस की चपेट में आने से मौत हो गई थी। घटना की जानकारी पर छोटा भाई सुभाष (30) अपने ससुराल टप्पल (अलीगढ़) से शाम साढ़े सात बजे लौट आया।
बड़े भाई की मौत से सदमे आया सुभाष परिजनों से सोने की बात कहकर कमरे में चला गया। गुरुवार की सुबह कमरे से बाहर नहीं आने पर परिजनों ने उसे आवाज दी लेकिन कोई जवाब नहीं आया। इस पर परिजनों ने जाकर देखा तो सुभाष का शव साड़ी के फंदे पर पंखे से लटका था।
सूचना पाकर पहुंची कोतवाली पुलिस ने शव को पंखे से उतारकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। सुभाष के चचेरे भाई हरीश ने बताया कि बड़े भाई मनोज की सड़क हादसे में मौत के बाद सुभाष सदमे में आ गया था। कोतवाली प्रभारी सूरज प्रकाश शर्मा ने बताया कि युवक ने फांसी लगाकर खुदकुशी की है।
बड़ा था हॉकर, छोटा करता था मजदूरी
बड़ा भाई मनोज गैस एजेंसी पर हॉकर था तो छोटा भाई सुभाष मजदूरी करता था। दोनों की आर्थिक स्थिति कमजोर थी। हालांकि दोनों भाई मेहनत कर अपने परिवार को पालन पोषण कर रहे थे। दोनों भाइयों की मौत से परिवार पर दुखों पर पहाड़ टूट पड़ा है।
बेटे ने पिता-चाचा को दी मुखाग्नि
पोस्टमार्टम के बाद मोहल्ला रानीखेत अंबाखार में मनोज और सुभाष के शव पहुंचते ही पूरे मोहल्ले में मातम छा गया। परिवार में हर किसी का रो-रोकर बुरा हाल था। ध्रुवघाट पर मनोज चौहान के बेटे दुष्यंत ने पिता और चाचा सुभाष के शव को मुखाग्नि दी।