Vande Bharat Train: जिस वंदे भारत एक्सप्रेस पर बरसाए थे फूल, अब पत्थर फेंके; 30 खिड़कियों के टूटे मिले शीशे
वंदे भारत एक्सप्रेस के संचालन के समय फूल बरसाकर स्वागत किया गया था, उसी पर शरारती तत्वों ने पत्थर फेंके। इस वजह से ट्रेन की 30 खिड़कियों के शीशे टूटे मिले।
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भोपाल मंडल की मेंटेनेंस टीम को वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के 30 खिड़कियों के शीशे टूटे और चटके मिले। शरारती तत्वों के पत्थर फेंकने से यह नुकसान पहुंचा है। दिल्ली से आगरा के बीच सबसे ज्यादा पत्थर फेंकने के मामले बताए गए हैं। टूटे हुए शीशों को बदलने का काम शुरू किया गया है।
भोपाल के रानी कमलापति स्टेशन से नई दिल्ली के बीच एक अप्रैल से वंदे भारत एक्सप्रेस शुरू हुई। इसकी गति करीब 160 किमी प्रति घंटा है। इसको प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हरी झंडी दिखाई थी। आगरा कैंट स्टेशन समेत संबंधित जिलों के स्टेशनों पर सांसद-विधायकों ने इसका स्टेशन पर स्वागत भी किया था।
हाल ही में रेलवे की भोपाल मंडल की मेंटेनेंस टीम ने ट्रेन का सर्वे किया है। इसमें एग्जीक्यूटिव क्लास से चेयरकार तक के 30 खिड़कियों के शीशे टूटे पाए गए। भोपाल मंडल के कैरिज एंड वैगन स्टाफ ने इनको बदलने का कार्य शुरू कर दिया है। अभी तक 16 खिड़कियों में नए शीशे लगाए गए हैं। बाकी को भी बदला जाएगा। फिलहाल जो शीशे चटके हुए हैं, उन पर फौरी तौर पर टेप लगा दिया गया है।
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आगरा-निजामुद्दीन स्टेशन के बीच पथराव ज्यादा
पीआरओ भोपाल मंडल सूबेदार सिंह ने बताया कि मेंटेनेंस टीम को ट्रेन में 30 खिड़कियों के कांच टूटे हुए मिले हैं। शरारतीतत्व आगरा और निजामुद्दीन स्टेशन के बीच ज्यादा पथराव करते हैं।
आगरा में नहीं हुआ पथराव
आगरा मंडल पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन के मेंटेनेंस का कार्य भोपाल रेल मंडल करता है। आगरा में वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव के कारण उसकी खिड़कियों के शीशे टूटने का कोई मामला नहीं हुआ है।