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अब सरकारी विभाग मुफ्त की बिजली नहीं फूंक पाएंगे, विभाग करने जा रहा ये काम
Sun, 17 Nov 2019 10:45 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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Published by: Abhishek Saxena
Updated Sun, 17 Nov 2019 10:45 AM IST
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बिजली
- फोटो : अमर उजाला
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अगले महीने से सरकारी विभाग मुफ्त की बिजली नहीं फूंक पाएंगे। उनके कार्यालय पर प्री-पेड मीटर लगने जा रहा है। यानी जितना रिचार्ज, उतनी बिजली का उपयोग। दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम जिले में अपने अधीन आने वाले सरकारी विभागों और आवासों पर अगले महीने से प्री-पेड मीटर लगाने का काम शुरू करेगा।
दक्षिणांचल का जिले के सरकारी विभागों पर 55 करोड़ से अधिक का बकाया चला आ रहा है। दक्षिणांचल ने भरपूर प्रयास कर लिए लेकिन अब तक वसूली नहीं कर पाया है। हालांकि शहर के सरकारी विभागों और आवासों में टोरंट पॉवर की बिजली आपूर्ति है।
यहां समय से बिजली का बिल जमा हो रहा है। मगर, इससे पहले का दक्षिणांचल का बकाया चला आ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित सरकारी विभाग और आवास अभी भी दक्षिणांचल के अंतर्गत ही हैं। बीते शुक्रवार को लखनऊ में ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने इसकी शुरुआत की।
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दक्षिणांचल का जिले के सरकारी विभागों पर 55 करोड़ से अधिक का बकाया चला आ रहा है। दक्षिणांचल ने भरपूर प्रयास कर लिए लेकिन अब तक वसूली नहीं कर पाया है। हालांकि शहर के सरकारी विभागों और आवासों में टोरंट पॉवर की बिजली आपूर्ति है।
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यहां समय से बिजली का बिल जमा हो रहा है। मगर, इससे पहले का दक्षिणांचल का बकाया चला आ रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्थित सरकारी विभाग और आवास अभी भी दक्षिणांचल के अंतर्गत ही हैं। बीते शुक्रवार को लखनऊ में ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने इसकी शुरुआत की।
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किस पर कितना बकाया
टैंक टाइप स्टैंड पोस्ट पर 13.2 करोड़, स्वास्थ्य विभाग पर 12 करोड़, पुलिस विभाग पर पांच करोड़, शिक्षा विभाग पर 12 करोड़, एडीए पर पांच करोड़ और अन्य विभागों पर 55 करोड़ से अधिक का बकाया है।
क्या है रिचार्ज मीटर
प्री पेड मीटर में मोबाइल फोन की सिम की तरह से एक चिप लगेगी। जैसे प्री-पेड मोबाइल सिम को रिचार्ज कराते हैं, उसी तरह से ये चिप रिचार्ज करानी होगी।
सरकारी विभागों और आवासों पर प्री-पेड मीटर लगाने की तैयारी लगभग पूरी हो गई है। अगले महीने से इसकी शुरुआत कर दी जाएगी। -अतुल गुप्ता, निदेशक (वाणिज्यिक), डीवीवीएनएल
टैंक टाइप स्टैंड पोस्ट पर 13.2 करोड़, स्वास्थ्य विभाग पर 12 करोड़, पुलिस विभाग पर पांच करोड़, शिक्षा विभाग पर 12 करोड़, एडीए पर पांच करोड़ और अन्य विभागों पर 55 करोड़ से अधिक का बकाया है।
क्या है रिचार्ज मीटर
प्री पेड मीटर में मोबाइल फोन की सिम की तरह से एक चिप लगेगी। जैसे प्री-पेड मोबाइल सिम को रिचार्ज कराते हैं, उसी तरह से ये चिप रिचार्ज करानी होगी।
सरकारी विभागों और आवासों पर प्री-पेड मीटर लगाने की तैयारी लगभग पूरी हो गई है। अगले महीने से इसकी शुरुआत कर दी जाएगी। -अतुल गुप्ता, निदेशक (वाणिज्यिक), डीवीवीएनएल