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मथुरा में 100 से ज्यादा फर्जी शिक्षक कर रहे नौकरी, चुनाव के बाद हो सकती है कार्रवाई
Fri, 10 May 2019 01:08 PM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Fri, 10 May 2019 01:08 PM IST
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फर्जी शिक्षकों की भर्ती के मामले में प्रदेश भर की सुर्खियां बनने वाले मथुरा जनपद में अभी भी 100 से ज्यादा फर्जी शिक्षक नौकरी कर रहे हैं। शासन की एसआईटी ने भी एक सूची शिक्षा विभाग को दी थी, जिनके दस्तावेज चेक करने को कहा गया था। लेकिन विभाग ने इस सूची के आधार पर कोई जांच अभी तक नहीं की है। इस पूरे गोलमाल को ही दबाने की कोशिश की जा रही है। यह शिक्षक हर माह वेतन ले रहे हैं। माना जा रहा है कि लोकसभा चुनाव के बाद फिर जांच शुरू हो सकती है।
शासन द्वारा गठित की गई एसआईटी ने प्रदेश भर में 4700 फर्जी बीएड डिग्री धारक शिक्षकों की सूची तैयार की थी। इस सूची को उन जिलों में भेजा गया, जहां सबसे ज्यादा गोलमाल के मामले सामने आ चुके हैं। एसआईटी ने संभावना व्यक्त करते हुए कहा था कि इस सूची में जो नाम हैं उनमें से 100 से ज्यादा शिक्षक मथुरा में नौकरी कर रहे हैं। इनके दस्तावेज चेक किए जाएं।
जनवरी माह में शिक्षा विभाग के अफसरों को यह सूची दी गई थी। सीडी के माध्यम से सूची भेजी गई थी। लेकिन अभी तक इस सूची पर कोई काम नहीं किया गया है। जबकि सचिव बेसिक शिक्षा परिषद ने 15 जनवरी तक ये प्रक्रिया पूरी करते हुए 30 जनवरी तक संबंधित फर्जी शिक्षकों के नाम और कार्रवाई की रिपोर्ट मुख्यालय को भेजने को कहा था, लेकिन संपूर्ण कार्रवाई पर पर्दा डाल दिया गया है।
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शासन द्वारा गठित की गई एसआईटी ने प्रदेश भर में 4700 फर्जी बीएड डिग्री धारक शिक्षकों की सूची तैयार की थी। इस सूची को उन जिलों में भेजा गया, जहां सबसे ज्यादा गोलमाल के मामले सामने आ चुके हैं। एसआईटी ने संभावना व्यक्त करते हुए कहा था कि इस सूची में जो नाम हैं उनमें से 100 से ज्यादा शिक्षक मथुरा में नौकरी कर रहे हैं। इनके दस्तावेज चेक किए जाएं।
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जनवरी माह में शिक्षा विभाग के अफसरों को यह सूची दी गई थी। सीडी के माध्यम से सूची भेजी गई थी। लेकिन अभी तक इस सूची पर कोई काम नहीं किया गया है। जबकि सचिव बेसिक शिक्षा परिषद ने 15 जनवरी तक ये प्रक्रिया पूरी करते हुए 30 जनवरी तक संबंधित फर्जी शिक्षकों के नाम और कार्रवाई की रिपोर्ट मुख्यालय को भेजने को कहा था, लेकिन संपूर्ण कार्रवाई पर पर्दा डाल दिया गया है।
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जनपद में पांच माह गुजरने के बाद भी फर्जी बीएड के आधार पर शिक्षक बने लोगों के नामों से तैनात शिक्षकों से मिलान नहीं किया जा रहा है। इससे साफ है कि फर्जी शिक्षकों को बचाने के प्रयास किए जा रहे हैं। बीएसए चंद्रशेखर का कहना है कि दो ब्लाक क्षेत्र में सूची का मिलान कर लिया गया है। बाकी की प्रक्रिया को भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा।
मथुरा में एसटीएफ भी कर चुकी बड़ा खुलासा
एसटीएफ ने भी मथुरा में फर्जी शिक्षकों के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया था। इनको तो बाकायदा फर्जी ज्वाइनिंग लेटर थमाकर नौकरी दे दी गई थी। इस मामले में शिक्षा विभाग के अफसरों पर भी बड़ी कार्रवाई हुई थी। अभी तक इसकी जांच चल रही है।
मथुरा में एसटीएफ भी कर चुकी बड़ा खुलासा
एसटीएफ ने भी मथुरा में फर्जी शिक्षकों के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा किया था। इनको तो बाकायदा फर्जी ज्वाइनिंग लेटर थमाकर नौकरी दे दी गई थी। इस मामले में शिक्षा विभाग के अफसरों पर भी बड़ी कार्रवाई हुई थी। अभी तक इसकी जांच चल रही है।