{"_id":"695594f8f2b131ede503f112","slug":"kidney-transplant-will-be-free-on-showing-ration-card-agra-news-c-25-1-agr1036-953806-2026-01-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Agra News: राशनकार्ड दिखाने पर निशुल्क होगा किडनी ट्रांसप्लांट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Agra News: राशनकार्ड दिखाने पर निशुल्क होगा किडनी ट्रांसप्लांट
विज्ञापन
एसएन मेडिकल कॉलेज के किडनी विभाग में किडनी ट्रांसप्लांट के लिए तैयार ऑपरेशन थिएटर। अमर उजाला
आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज में किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा मार्च में शुरू हो जाएगी। इसमें राशन कार्डधारकों को निशुल्क किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा मिलेगी। आयुष्मान कार्डधारक और मुख्यमंत्री राहत कोष के लाभार्थियों को भी निशुल्क सुविधा होगी। अन्य मरीजों को करीब साढ़े तीन लाख रुपये का खर्च आएगा।
प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि चिकित्सा शिक्षा महानिदेशक से किडनी ट्रांसप्लांट की अनुमति मिलने के बाद अगले सप्ताह से मरीजों का पंजीकरण शुरू कर दिया जाएगा। इसमें राशन कार्डधारकों को किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा निशुल्क मिलेगी। शासन ने कार्डधारकों को भी असाध्य योजना में शामिल किया है।
कार्डधारकों को डायलिसिस भी निशुल्क मिल रही है। योजना के बिना किडनी ट्रांसप्लांट का शुल्क करीब 3.50 लाख रुपये होगा। सरकार इसका शुल्क तय करेगी। वैसे केजीएमयू लखनऊ में किडनी ट्रांसप्लांट का जो शुल्क होगा, वह ही लागू होगा। निजी अस्पतालों में 10 लाख रुपये से अधिक का खर्च आता है। केजीएमयू लखनऊ में किडनी ट्रांसप्लांट के चार चिकित्सक प्रशिक्षण भी ले चुके हैं। चिकित्सक और तकनीकी स्टाफ भी नियुक्त कर दिया है।
विज्ञापन
आईसीयू और वार्ड में बढ़ाए गए बेड
- किडनी रोग विभागाध्यक्ष डॉ. अपूर्व जैन ने बताया कि किडनी रोग विभाग में बेड बढ़ाकर 26 कर दिए हैं। 20 बेड का वार्ड है। चार बेड एचडीयू और दो बेड आईसीयू में हैं। 20 बेड की डायलिसिस यूनिट है। अगले सप्ताह से किडनी ट्रांसप्लांट के लिए पंजीकरण करना शुरू कर देंगे। किडनी दाता और लेने वाले की जांचें और कानूनी प्रक्रिया में करीब दो से तीन महीने का समय लग जाता है। ये सभी प्रक्रिया पूरी होने के बाद मार्च से ऑपरेशन करना शुरू कर देंगे।
विज्ञापन
प्राचार्य डॉ. प्रशांत गुप्ता ने बताया कि चिकित्सा शिक्षा महानिदेशक से किडनी ट्रांसप्लांट की अनुमति मिलने के बाद अगले सप्ताह से मरीजों का पंजीकरण शुरू कर दिया जाएगा। इसमें राशन कार्डधारकों को किडनी ट्रांसप्लांट की सुविधा निशुल्क मिलेगी। शासन ने कार्डधारकों को भी असाध्य योजना में शामिल किया है।
विज्ञापन
कार्डधारकों को डायलिसिस भी निशुल्क मिल रही है। योजना के बिना किडनी ट्रांसप्लांट का शुल्क करीब 3.50 लाख रुपये होगा। सरकार इसका शुल्क तय करेगी। वैसे केजीएमयू लखनऊ में किडनी ट्रांसप्लांट का जो शुल्क होगा, वह ही लागू होगा। निजी अस्पतालों में 10 लाख रुपये से अधिक का खर्च आता है। केजीएमयू लखनऊ में किडनी ट्रांसप्लांट के चार चिकित्सक प्रशिक्षण भी ले चुके हैं। चिकित्सक और तकनीकी स्टाफ भी नियुक्त कर दिया है।
विज्ञापन
आईसीयू और वार्ड में बढ़ाए गए बेड
- किडनी रोग विभागाध्यक्ष डॉ. अपूर्व जैन ने बताया कि किडनी रोग विभाग में बेड बढ़ाकर 26 कर दिए हैं। 20 बेड का वार्ड है। चार बेड एचडीयू और दो बेड आईसीयू में हैं। 20 बेड की डायलिसिस यूनिट है। अगले सप्ताह से किडनी ट्रांसप्लांट के लिए पंजीकरण करना शुरू कर देंगे। किडनी दाता और लेने वाले की जांचें और कानूनी प्रक्रिया में करीब दो से तीन महीने का समय लग जाता है। ये सभी प्रक्रिया पूरी होने के बाद मार्च से ऑपरेशन करना शुरू कर देंगे।