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दीवानी में हंगामा, वकील आमने-सामने
ब्यूरो, अमर उजाला ब्यूरो
Updated Fri, 30 Jan 2015 02:06 AM IST
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आगरा में खंडपीठ की मांग कर रहे वकील गुरुवार को हड़ताल के मुद्दे पर आमने-सामने आ गए। जमकर गालीगलौज, आरोप-प्रत्यारोप का दौर चला। कोर्ट के अंदर धक्कामुक्की हुई। एक बार तो बवाल इतना बढ़ गया कि पुलिस लाठीचार्ज को तैयार हो गई। लगभग चार घंटे तक दीवानी परिसर का माहौल तनावपूर्ण रहा।
खंडपीठ स्थापना संघर्ष समिति के अनुसार दो फरवरी तक हड़ताल है। इसके विरोध में ग्रेटर आगरा बार एसोसिएशन ने 29 से काम करने का एलान किया। गुरुवार को दीवानी परिसर में संघर्ष समिति की सभा चल रही थी। उसी दौरान ग्रेटर बार के सदस्य एडीजी प्रथम के पास पहुंचे और कार्य करने की अपील करने लगे। इसी बात पर गुस्सा भड़क गया। पहले कुछ वकीलों ने काम करने का विरोध किया तो ग्रेटर बार के सदस्य भारी पड़ गए। जब यह खबर सभा तक पहुंची तो हड़ताली वकील वहां पहुंचे और वाद-विवाद शुरू हो गया। नारेबाजी और गालीगलौज होने लगी। कोर्ट के अंदर भी फर्नीचर फेंके जाने लगे। बड़ी संख्या में पुलिस बल पहुंच गया। एसपी सिटी वकीलों को समझाने लगे, लेकिन युवा अधिवक्ता नहीं माने। हाथापाई की नौबत आ गई। लगा कि पुलिस भी अब लाठी भांज ही देगी, लेकिन मामला किसी तरह शांत हो गया। परिवार न्यायाधीश समेत कई न्यायिक अधिकारी आए। पर काम न हो सका।
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खंडपीठ स्थापना संघर्ष समिति के अनुसार दो फरवरी तक हड़ताल है। इसके विरोध में ग्रेटर आगरा बार एसोसिएशन ने 29 से काम करने का एलान किया। गुरुवार को दीवानी परिसर में संघर्ष समिति की सभा चल रही थी। उसी दौरान ग्रेटर बार के सदस्य एडीजी प्रथम के पास पहुंचे और कार्य करने की अपील करने लगे। इसी बात पर गुस्सा भड़क गया। पहले कुछ वकीलों ने काम करने का विरोध किया तो ग्रेटर बार के सदस्य भारी पड़ गए। जब यह खबर सभा तक पहुंची तो हड़ताली वकील वहां पहुंचे और वाद-विवाद शुरू हो गया। नारेबाजी और गालीगलौज होने लगी। कोर्ट के अंदर भी फर्नीचर फेंके जाने लगे। बड़ी संख्या में पुलिस बल पहुंच गया। एसपी सिटी वकीलों को समझाने लगे, लेकिन युवा अधिवक्ता नहीं माने। हाथापाई की नौबत आ गई। लगा कि पुलिस भी अब लाठी भांज ही देगी, लेकिन मामला किसी तरह शांत हो गया। परिवार न्यायाधीश समेत कई न्यायिक अधिकारी आए। पर काम न हो सका।
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