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Agra News: बड़ोस गांव में घुसा मगरमच्छ, गलियों में मची चीख-पुकार
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बाह: बडोस गांव से रेस्क्यू कर चंबल नदी में छोड़ा मगरमच्छ
बाह। बासौनी के बड़ोस गांव की गलियों में बुधवार तड़के अचानक एक मगरमच्छ के आ जाने से दहशत फैल गई। ग्रामीणों के मुताबिक, पास के तालाब से निकला मगरमच्छ तड़के गलियों में घूम रहा था। सुबह जागे लोग उसे देखकर डर गए और महिलाओं-बच्चों में चीख-पुकार मच गई।
ग्रामीणों की सूचना पर बाह से वन विभाग की टीम के अमन चौधरी और त्रिलोकी आदि स्टाफ मौके पर पहुंचे। टीम ने करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को सफलतापूर्वक पकड़ लिया। इसके बाद उसे कैंजराघाट ले जाकर चंबल नदी में सुरक्षित छोड़ दिया गया। मगरमच्छ के पकड़े जाने के बाद ही ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।
रेस्क्यू के दौरान तालाब की ओर भागा था वन्यजीव
पकड़ने के प्रयास के दौरान मगरमच्छ गांव की गली से निकलकर खेतों के रास्ते वापस तालाब की ओर भागा था। हालांकि, तालाब के चारों ओर जालीदार बैरीकेडिंग लगी होने की वजह से वह पानी में नहीं घुस सका। वन विभाग की टीम ने मानक सुरक्षा प्रक्रिया का पालन करते हुए उसे किनारे पर ही दबोच लिया।
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ग्रामीणों को किया जागरूक
वन विभाग की टीम ने डेढ़ घंटे में रेस्क्यू पूरा कर उसे चंबल नदी में छोड़ दिया है। इसके साथ ही नदी और तालाबों के आस-पास रहने वाले ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए जागरूक किया गया है।
- अमित कुमार, क्षेत्रीय वन अधिकारी सामाजिक वानिकी रेंज, बाह
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ग्रामीणों की सूचना पर बाह से वन विभाग की टीम के अमन चौधरी और त्रिलोकी आदि स्टाफ मौके पर पहुंचे। टीम ने करीब डेढ़ घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मगरमच्छ को सफलतापूर्वक पकड़ लिया। इसके बाद उसे कैंजराघाट ले जाकर चंबल नदी में सुरक्षित छोड़ दिया गया। मगरमच्छ के पकड़े जाने के बाद ही ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।
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रेस्क्यू के दौरान तालाब की ओर भागा था वन्यजीव
पकड़ने के प्रयास के दौरान मगरमच्छ गांव की गली से निकलकर खेतों के रास्ते वापस तालाब की ओर भागा था। हालांकि, तालाब के चारों ओर जालीदार बैरीकेडिंग लगी होने की वजह से वह पानी में नहीं घुस सका। वन विभाग की टीम ने मानक सुरक्षा प्रक्रिया का पालन करते हुए उसे किनारे पर ही दबोच लिया।
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ग्रामीणों को किया जागरूक
वन विभाग की टीम ने डेढ़ घंटे में रेस्क्यू पूरा कर उसे चंबल नदी में छोड़ दिया है। इसके साथ ही नदी और तालाबों के आस-पास रहने वाले ग्रामीणों को सतर्क रहने के लिए जागरूक किया गया है।
- अमित कुमार, क्षेत्रीय वन अधिकारी सामाजिक वानिकी रेंज, बाह