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दिवाली से पहले बढ़ने लगे अस्थमा के मरीज, कारण जानकर हैरान रह गए डॉक्टर, ऐसे करें बचाव
Tue, 15 Oct 2019 11:57 AM IST
Abhishek Saxena
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: Abhishek Saxena
Updated Tue, 15 Oct 2019 11:57 AM IST
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एसएन मेडिकल कालेज
- फोटो : अमर उजाला
सर्दी की आहट के साथ अस्थमा के मरीज बढ़ने लगे हैं। दीपावली को लेकर साफ-सफाई ने भी दिक्कत बढ़ाई है। एसएन मेडिकल कॉलेज के वक्ष एवं क्षय रोग विभाग में रोजाना 40-45 मरीज आ रहे हैं। इनमें सूखी खांसी, सांस लेने में तकलीफ हो रही है।
वक्ष एवं क्षय रोग विभाग में रोजाना 130-160 मरीजों की ओपीडी हो रही है। पिछले दस दिनों में ओपीडी में 30 फीसदी के करीब मरीज बढ़े हैं। इनमें 10-15 नए मरीज और 25-30 मरीज पुराने हैं।
चिकित्सकीय पूछताछ में सबसे ज्यादा परेशानी घरों में साफ-सफाई से निकलने वाली डस्ट की वजह से बढ़ी है। विभाग के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. जीवी सिंह ने बताया कि दिवाली के चलते घरों में रंगाई-पुताई और साफ-सफाई हो रही है।
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वक्ष एवं क्षय रोग विभाग में रोजाना 130-160 मरीजों की ओपीडी हो रही है। पिछले दस दिनों में ओपीडी में 30 फीसदी के करीब मरीज बढ़े हैं। इनमें 10-15 नए मरीज और 25-30 मरीज पुराने हैं।
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चिकित्सकीय पूछताछ में सबसे ज्यादा परेशानी घरों में साफ-सफाई से निकलने वाली डस्ट की वजह से बढ़ी है। विभाग के वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. जीवी सिंह ने बताया कि दिवाली के चलते घरों में रंगाई-पुताई और साफ-सफाई हो रही है।
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इसकी डस्ट नलिकाओं में पहुंचकर संकुचित हो रही हैं। सुबह-शाम का तापमान भी कम हो रहा है। इससे मरीज को सूखी खांसी, सांस लेते वक्त घर्र-घर्र की आवाज, सीने में जकड़न, घबराहट की परेशानी हो रही है।
यह बरतें सावधानी
- सफाई के वक्त मुंह को कपड़ें से ढकें, कपड़ों को धूप लगाएं।
- चादर-पर्दों की सफाई के लिए वैक्यूम क्लीनर इस्तेमाल करें।
- इनहेलर लेना बंद न करें, चिकित्सकीय परामर्श से डोज तय करें।
यह बरतें सावधानी
- सफाई के वक्त मुंह को कपड़ें से ढकें, कपड़ों को धूप लगाएं।
- चादर-पर्दों की सफाई के लिए वैक्यूम क्लीनर इस्तेमाल करें।
- इनहेलर लेना बंद न करें, चिकित्सकीय परामर्श से डोज तय करें।