आगरा: पीएचडी की प्रवेश परीक्षा में नकल करते पकड़ा गया शिक्षक, प्रभारी कुलपति के आदेश पर निलंबित
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की पीएचडी प्रवेश परीक्षा का आयोजन 9 केंद्रों पर किया गया। अधिष्ठाता शोध प्रोफेसर विनीता सिंह ने बताया कि सभी केंद्रों पर परीक्षा विधिवत रूप से संपन्न हुई।
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शिक्षक भौतिक विज्ञान विषय में पीएचडी की प्रवेश परीक्षा दे रहा था। उसका केंद्र आईईटी ही था। नकल करते हुए पकड़े जाने पर उसके खिलाफ कार्रवाई की गई। पहले की ओएमआर शीट जमा कराकर दूसरी ओएमआर शीट दी गई। विश्वविद्यालय के प्रति कुलपति प्रो. अजय तनेजा ने बताया कि अजय यादव का परीक्षा परिणाम भी रोक दिया गया है। जांच समिति डीन फैकल्टी प्रो. यूसी शर्मा की अध्यक्षता में बनाई गई है। प्रो. पीके सिंह और प्रो. संजय चौधरी सदस्य हैं।
नौ केंद्रों पर कराई गई परीक्षा
डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय की ओर से शनिवार को पीएचडी की प्रवेश परीक्षा शहर के नौ केंद्रों पर कराई गई। इसमें 3775 अभ्यर्थी पंजीकृत थे, परीक्षा में 3235 शामिल हुए और 540 अनुपस्थित रहे। 38 अभ्यर्थियों ने दो विषयों की और बाकी ने एक-एक विषय की परीक्षा दी। अधिकतर परीक्षार्थियों को विषयगत प्रश्न आसान लगे। शोध प्रविधि आधारित प्रश्नों को हल करने में परेशानी हुई।असिस्टेंट डीन रिसर्च प्रो. बीपी सिंह के मुताबिक 37 अभ्यर्थी ऐसे थे, जिनका प्रवेशपत्र तकनीकी कारणों से नहीं निकल सका था, उन्हें भी प्रवेश परीक्षा में शामिल कराया गया। इंस्टीट्यूट ऑफ बेसिक साइंस में परीक्षा दिलवाई गई। एक विषय वाले अभ्यर्थियों की परीक्षा सुबह 09:00 से 11:00 बजे तक और दो विषयों वालों की सुबह 09:00 से दोपहर 12:00 बजे तक हुई।
डीन रिसर्च प्रो. विनीता सिंह ने बताया कि परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न हुई। विश्वविद्यालय के प्रति कुलपति प्रो. अजय तनेजा, प्रो. विनीता सिंह और कुलसचिव संजीव कुमार सिंह ने परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने बताया कि सभी विषयों की उत्तर कुंजी और अभ्यर्थी की ओएमआर शीट की मूल कॉपी स्कैन करके जारी कर दी जाएगी।