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अपहृत अधिवक्ता अकरम अंसारी बीहड़ से मुक्त, 14 दिन बाद पुलिस को मिली सफलता, छह गिरफ्तार
Tue, 18 Feb 2020 12:44 AM IST
मुकेश कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
Published by: मुकेश कुमार
Updated Tue, 18 Feb 2020 12:44 AM IST
सार
तीन फरवरी को अधिवक्ता अकरम अंसारी का अपहरण हुआ था। अपहरणकर्ताओं ने 50 लाख रुपये फिरौती मांगी थी। 14 दिन बाद पुलिस ने अधिवक्ता को सकुशल बरामद कर लिया।
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वकील अकरम अंसारी का फाइल फोटो
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आगरा के सिकंदरा क्षेत्र से तीन फरवरी को अगवा फिरोजाबाद के अधिवक्ता अकरम अंसारी 14 दिन बाद अपहरणकर्ताओं के चंगुल से मुक्त हो गए। उन्हें अगवा कर 50 लाख रुपये फिरौती मांगी गई थी। तीन बार कॉल किया गया था।
पुलिस टीमों ने धौलपुर के बीहड़ में डेरा डाल रखा था। सोमवार को अधिवक्ता को धौलपुर के बाड़ी से मुक्त करा लिया गया। गिरोह के सरगना सहित छह अपहरणकर्ताओें को भी पकड़ा गया है।
फिरोजाबाद के थाना दक्षिण स्थित राजपूताना मोहल्ला निवासी अधिवक्ता अकरम अंसारी तीन फरवरी को अपने रिश्तेदार के यहां बोदला आए थे। शाम को रिश्तेदार ने उन्हें ऑटो में बैठा दिया था। इसके बाद वो लापता हो गए थे। घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने तलाश की।
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पुलिस टीमों ने धौलपुर के बीहड़ में डेरा डाल रखा था। सोमवार को अधिवक्ता को धौलपुर के बाड़ी से मुक्त करा लिया गया। गिरोह के सरगना सहित छह अपहरणकर्ताओें को भी पकड़ा गया है।
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फिरोजाबाद के थाना दक्षिण स्थित राजपूताना मोहल्ला निवासी अधिवक्ता अकरम अंसारी तीन फरवरी को अपने रिश्तेदार के यहां बोदला आए थे। शाम को रिश्तेदार ने उन्हें ऑटो में बैठा दिया था। इसके बाद वो लापता हो गए थे। घर नहीं पहुंचने पर परिजनों ने तलाश की।
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50 लाख की फिरौती मांगी थी
थाना सिकंदरा में गुमशुदगी दर्ज कराई गई। चार फरवरी को अधिवक्ता के भाई असलम को फोन करके 50 लाख रुपये फिरौती मांगी गई थी। इसके बाद अपहरण का मुकदमा दर्ज किया गया। इस मामले की आईजी ए सतीश गणेश मानीटरिंग कर रहे थे।
उन्होंने पुलिस की कई टीमों को अधिवक्ता की बरामदगी के लिए लगाया था। धौलपुर में लोकेशन मिलने के बाद पुलिस ने डेरा डाल लिया था। बीहड़ में भी तलाश की जा रही थी। अधिवक्ताओं ने अकरम की बरामदगी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी थी।
इस गिरोह ने किया था अपहरण
सोमवार को पुलिस को सफलता मिली। सूत्रों ने बताया कि अधिवक्ता को बाड़ी से सकुशल मुक्त करा लिया गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि बाड़ी के सुरेंद्र के गिरोह ने अधिवक्ता का अपहरण किया था।
उन्होंने पुलिस की कई टीमों को अधिवक्ता की बरामदगी के लिए लगाया था। धौलपुर में लोकेशन मिलने के बाद पुलिस ने डेरा डाल लिया था। बीहड़ में भी तलाश की जा रही थी। अधिवक्ताओं ने अकरम की बरामदगी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी थी।
इस गिरोह ने किया था अपहरण
सोमवार को पुलिस को सफलता मिली। सूत्रों ने बताया कि अधिवक्ता को बाड़ी से सकुशल मुक्त करा लिया गया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि बाड़ी के सुरेंद्र के गिरोह ने अधिवक्ता का अपहरण किया था।
अधिवक्ता के परिजन व परिचित
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने सुरेंद्र के अलावा गिरोह के सदस्य उग्रसेन, लाखन, हनुमंत दास सहित छह अपहरणकर्ताओं को गिरफ्तार किया है। सुरेंद्र गिरोह का सरगना बताया गया है। एसपी सिटी बोत्रे रोहन प्रमोद ने बताया कि अधिवक्ता को मुक्त करा लिया गया है। गिरोह के सदस्य भी पकड़े गए हैं।
दूर हुई 14 दिनों से छाई मायूसी
अधिवक्ता अकरम अंसारी की सकुशल बरामदगी की खबर मिलते ही परिवार में 14 दिनों से छाई मायूसी दूर हो गई। सोमवार रात तक अधिवक्ता घर नहीं पहुंचे थे लेकिन परिजनों से पुलिस ने उनकी बात करा दी थी।
अपहृत अधिवक्ता के सकुशल मिलने की खबर लगते ही उनके मोहल्ला राजपूताना स्थित आवास पर लोगों का तांता लग गया। लोगों के चेहरे पर सकून था। परिवार में खुशियां लौटते ही क्षेत्र के लोगों ने मिष्ठान का वितरण किया।
दूर हुई 14 दिनों से छाई मायूसी
अधिवक्ता अकरम अंसारी की सकुशल बरामदगी की खबर मिलते ही परिवार में 14 दिनों से छाई मायूसी दूर हो गई। सोमवार रात तक अधिवक्ता घर नहीं पहुंचे थे लेकिन परिजनों से पुलिस ने उनकी बात करा दी थी।
अपहृत अधिवक्ता के सकुशल मिलने की खबर लगते ही उनके मोहल्ला राजपूताना स्थित आवास पर लोगों का तांता लग गया। लोगों के चेहरे पर सकून था। परिवार में खुशियां लौटते ही क्षेत्र के लोगों ने मिष्ठान का वितरण किया।