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बुखार ने फिर ली तीन की जान
Agra
Updated Sun, 22 Sep 2013 05:36 AM IST
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आगरा। बुखार का कहर जारी है। शनिवार को अलग-अलग स्थानों पर बुखार से किशोर समेत तीन लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में दिगनेर की युवती भी शामिल है। दिगनेर में अब तक मरने वालों की संख्या 10 और जिले में कुल मृतकों की संख्या 37 हो गई है। रुनकता के खड़वाई गांव में तेजी से बुखार फैल रहा है। यहां स्वास्थ्य विभाग की टीम झांकने तक नहीं पहुंची।
ताजगंज के दिगनेर निवासी मुन्नालाल की बेटी सपना (18) को छह-सात दिन पहले बुखार आने पर बरौली अहीर के निजी नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया था। शनिवार की शाम हालत बिगड़ने पर उसे एसएन मेडिकल कॉलेज में रेेफर कर दिया गया। मेडिसन विभाग में उपचार शुरू होने से पूर्व ही सपना की मौत हो गई। परिवारीजनों के मुताबिक निजी नर्सिंगहोम संचालक ने सपना को डेंगू होने की बात कही थी। उसके प्लेटलेट्स लगातार गिर रहे थे।
रुनकता प्रतिनिधि के मुताबिक, खड़वाई गांव निवासी विष्णु (12) पुत्र बलवीर की तीन-चार दिन पहले तबियत बिगड़ गई। परिवारीजन उसे बोदला के एक नर्सिंगहोम में ले गए। डॉक्टर ने डेंगू बताते हुए उपचार शुरू कर दिया। शनिवार सुबह विष्णु की उपचार के दौरान मौत हो गई। वहीं गांव में कई लोग बीमारी की चपेट में हैं।
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उधर, बाह क्षेत्र के बासौनी के खिल्ला गांव में एक पखवाड़ा पहले विमला देवी पत्नी सुमेर सिंह की बुखार से मौत हो गई थी। उसकी पुत्री प्रियंका (12) भी बीमार थी। परिवारीजन उसका इलाज बाह में करा रहे थे। हालत बिगड़ने पर उसे आगरा ले जाया जा रहा था। रास्ते में प्रियंका ने दम तोड़ दिया। वहीं बुखार के चलते गांव के ही शनि की हालत चिंताजनक है। इस गांव में बुखार से यह तीसरी मौत है।
इनसेट
फतेहपुर सीकरी में कैंप लगाकर उपचार
फतेहपुर सीकरी। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नगला कौरई, मलिकपुर, बसेरी काजी, रसूलपुर आदि गांवों में शिविर लगाकर दो सौ मरीजों का उपचार किया और दवाएं वितरित कीं। इस दौरान 24 मरीजों की रक्त पट्टिकाएं भी बनाई गईं।
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ताजगंज के दिगनेर निवासी मुन्नालाल की बेटी सपना (18) को छह-सात दिन पहले बुखार आने पर बरौली अहीर के निजी नर्सिंगहोम में भर्ती कराया गया था। शनिवार की शाम हालत बिगड़ने पर उसे एसएन मेडिकल कॉलेज में रेेफर कर दिया गया। मेडिसन विभाग में उपचार शुरू होने से पूर्व ही सपना की मौत हो गई। परिवारीजनों के मुताबिक निजी नर्सिंगहोम संचालक ने सपना को डेंगू होने की बात कही थी। उसके प्लेटलेट्स लगातार गिर रहे थे।
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रुनकता प्रतिनिधि के मुताबिक, खड़वाई गांव निवासी विष्णु (12) पुत्र बलवीर की तीन-चार दिन पहले तबियत बिगड़ गई। परिवारीजन उसे बोदला के एक नर्सिंगहोम में ले गए। डॉक्टर ने डेंगू बताते हुए उपचार शुरू कर दिया। शनिवार सुबह विष्णु की उपचार के दौरान मौत हो गई। वहीं गांव में कई लोग बीमारी की चपेट में हैं।
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उधर, बाह क्षेत्र के बासौनी के खिल्ला गांव में एक पखवाड़ा पहले विमला देवी पत्नी सुमेर सिंह की बुखार से मौत हो गई थी। उसकी पुत्री प्रियंका (12) भी बीमार थी। परिवारीजन उसका इलाज बाह में करा रहे थे। हालत बिगड़ने पर उसे आगरा ले जाया जा रहा था। रास्ते में प्रियंका ने दम तोड़ दिया। वहीं बुखार के चलते गांव के ही शनि की हालत चिंताजनक है। इस गांव में बुखार से यह तीसरी मौत है।
इनसेट
फतेहपुर सीकरी में कैंप लगाकर उपचार
फतेहपुर सीकरी। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने नगला कौरई, मलिकपुर, बसेरी काजी, रसूलपुर आदि गांवों में शिविर लगाकर दो सौ मरीजों का उपचार किया और दवाएं वितरित कीं। इस दौरान 24 मरीजों की रक्त पट्टिकाएं भी बनाई गईं।