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अस्पतालों में बिजली गुल, मरीजों में हड़कंप
Lucknow
Updated Tue, 28 May 2013 05:30 AM IST
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लखनऊ। शहर के सरकारी अस्पतालों में सोमवार को घंटों बिजली गुल रही। इससे वार्डों में अंधेरा छा गया, वहीं मरीजों में हड़कंप मच गया। 10 ऑपरेशन टाल दिए गए और जाचें ठप हो गईं। भीषण गर्मी की वजह से आईसीयू व एनआईसीयू के मरीजों की हालत बिगड़ने लगी। आनन-फानन में इन्हें दूसरे अस्पतालों में भर्ती कराया गया। उधर, 12 घंटे से अधिक समय तक बिजली न आने से ब्लड बैंक में सैंपल खराब होने का खतरा उत्पन्न हो गया है। चिकित्सकों ने कहा कि अब परीक्षण के बाद ही खून का प्रयोग करेंगे। झलकारी बाई अस्पताल में सबसे ज्यादा बिजली की समस्या रही। यहां सोमवार सुबह 4:30 बजे के करीब बिजली चली गई। पूरे अस्पताल में अंधेरा छा गया। मौजूद स्टाफ के कई बार कहने पर जनरेटर चलाया गया, लेकिन वह पूरा लोड नहीं उठा पा रहा था। लो वोल्टेज की वजह से पंखे नहीं चल पा रहे थे। सुबह नौ से दो बजे तक छह मरीजों के ऑपरेशन होने थे। इनमें मलिहाबाद की निशा बानो, चिनहट की निष्ठा मिश्रा व बीकेटी की लल्ली समेत सभी छह ऑपरेशन टालने पड़े। निष्ठा व लल्ली को उनके परिवार वाले दूसरे अस्पताल ले गए। यहां एसी प्लांट पूरी तरह से ठप रहा। पैथालॉजी की कई जांचें भी प्रभावित हुईं। एक्स-रे नहीं किए जा सके। अस्पताल में पानी की सप्लाई भी बंद हो गई थी। इससे मरीजों का रुकना मुश्किल हो गया। अस्पताल में शाम साढ़े 6 बजे बिजली व्यवस्था सामान्य हो सकी। इस दौरान इकलौता जनरेटर कई बार बंद हुआ।
बलरामपुर अस्पताल में दोपहर 12 बजे के करीब बिजली चली गई। जनरेटर चलाए गए, लेकिन ये चलते ही बंद हो गए। अधिकारियों ने दोबारा जनरेटर चलवाए पर अधिक लोड की समस्या रही। तीन बजे न्यू प्राइवेट वार्ड व ओल्ड बिल्डिंग में पूरी तरह बिजली गुल हो गई। यहां सप्लाई दे रहे जनरेटर ने जवाब दे दिया था। इसके बाद एक ऑपरेशन टाल दिया गया, वहीं ब्लड बैंक में एसी न चलने से सैंपल खराब होने का खतरा उत्पन्न हो गया है। उधर, गर्मी से परेशान तीमारदार अपने मरीजों को लेकर बरामदे में जाने लगे तो सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें रोक दिया। इस पर उनकी तीमारदारों से कहासुनी भी हुई। अस्पताल की लिफ्ट बंद होने से भी गंभीर मरीजों को लाने-ले जाने में बहुत परेशानी हुई। डफरिन अस्पताल में दोपहर से गई बिजली शाम को आई। इस अस्पताल की ओटी में लो वोल्टेज की वजह से दो ऑपरेशन टाल दिए गए। सिविल अस्पताल मे भी दोपहर से गई बिजली तीन घंटे बाद आई। यहां एक्स-रे जांच व वार्डों में समस्या रही, जबकि एक ऑपरेशन टाल दिया गया।
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बलरामपुर अस्पताल में दोपहर 12 बजे के करीब बिजली चली गई। जनरेटर चलाए गए, लेकिन ये चलते ही बंद हो गए। अधिकारियों ने दोबारा जनरेटर चलवाए पर अधिक लोड की समस्या रही। तीन बजे न्यू प्राइवेट वार्ड व ओल्ड बिल्डिंग में पूरी तरह बिजली गुल हो गई। यहां सप्लाई दे रहे जनरेटर ने जवाब दे दिया था। इसके बाद एक ऑपरेशन टाल दिया गया, वहीं ब्लड बैंक में एसी न चलने से सैंपल खराब होने का खतरा उत्पन्न हो गया है। उधर, गर्मी से परेशान तीमारदार अपने मरीजों को लेकर बरामदे में जाने लगे तो सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें रोक दिया। इस पर उनकी तीमारदारों से कहासुनी भी हुई। अस्पताल की लिफ्ट बंद होने से भी गंभीर मरीजों को लाने-ले जाने में बहुत परेशानी हुई। डफरिन अस्पताल में दोपहर से गई बिजली शाम को आई। इस अस्पताल की ओटी में लो वोल्टेज की वजह से दो ऑपरेशन टाल दिए गए। सिविल अस्पताल मे भी दोपहर से गई बिजली तीन घंटे बाद आई। यहां एक्स-रे जांच व वार्डों में समस्या रही, जबकि एक ऑपरेशन टाल दिया गया।
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