पुराने आईफोन भारत में बेचने के जुगाड़ में टिम कुक, क्या मिलेगी सफलता?

एप्पल के सीईओ टिम कुक शनिवार को पीएम नरेंद्र मोदी से मुलाकात की। इस मुलाकात के दौरान वह भारत में सेकेंड हैंड आईफोन्स बेंचने की अनुमति दिए जाने की मांग की।
लेकिन सूत्रों की मानें तो सरकार चाहती है की टिम कुक भारत में ही मेक इन इंडिया अभियान के तहत भारत में ही एप्पल के आईफोन और कंप्यूटर्स की मैंन्यूफैक्च्युरिंग करें। हालांकि टिम कुक ने अब तक एप्पल की ओर से लोकल मैंन्यूफैक्च्युरिंग की बात को स्वीकार नहीं किया है।
एक टीवी चैनल को दिए इंटरव्यू में टिम कुक ने कहा है कि वो अच्छी कंडीशन वाले पुराने फोन्स को भारत लाना चाहते हैं, ताकि उन्हें मार्केट में उपलब्ध कराया जा सके। सरकार ने इलेक्ट्रानिक कचरे की डंपिंग की समस्या के चलते एप्पल और अन्य किसी कंपनी को पुराने सामान को आयात कर बेंचने की मंजूरी देने से इंकार कर दिया है। हालांकि एप्पल यदि भारत में मैंन्यूफैक्च्युरिंग के लिए राजी हो जाता है तो सरकार सकारात्मक रुख अपना सकती है।
एप्पल का प्रेडक्सन पार्टनर फोक्सकोन पहले से ही दूसरे ब्रांडों की मैंन्यूफैक्च्युरिंग फैक्टरी के बाहर दूसरे देशों मे कर रहा है। नोएडा और चेन्नई में एप्पल के कट्टर प्रतिद्वंद्वी और भारत के स्मार्टफोन बाजार में अग्रणी सैमसंग पहले से ही देश में दो विनिर्माण संयंत्र स्थापित कर चुका है। जोकि स्थानीय स्तर पर 90 फीसदी से अधिक उत्पादन करता है।
टीवी चैनल को दिए इंटरव्यू में कुक ने कहा हम नए फोन्स को बाजार में वारंटी के साथ ग्राहकों को उपलब्ध कराएंगे। जैसा कि हम जापान में कर रहे हैं। भारत में एप्पल के चाहने वालों की अच्छी-खासी संख्या है। हम उपभोक्ताओं को 5000 से 15000 रूपए में उपलब्ध कराएंगे।
कुक की बातों से लग रहा है कि वो भारत के लोगों को सस्ते में आई फोन्स का मजा दिलवाना चाह रहे हैं। लेकिन सरकार से अभी कोई बात बनते नहीं दिख रही है। एक अच्छी खबर यह भी है कि एप्पल जल्द ही डिजिटल बटुआ भारत में लाने की तैयारी कर रहा है।