सुप्रीम कोर्ट का फैसला: आईटी नियमों को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर हाईकोर्ट में सुनवाइयों पर लगाई रोक
विभिन्न हाईकोर्ट में आईटी नियमों या केबल टीवी नेटवर्क नियमों को चुनौती देने वाली याचिताओं पर हो रही सुनवाई पर अब सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है।

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सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को आईटी (सूचना प्रौद्योगिकी) नियमों या केबल टीवी नेटवर्क (संशोधन) नियमों को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर विभिन्न हाईकोर्ट में हो रही सुनवाइयों पर रोक लगाने का आदेश दिया है।
न्यायाधीश एएम खानविलकर और एएस ओका की पीठ ने याचिकाओं के एक समूह पर सुनवाई करते हुए यह आदेश जारी किया। इनमें वो याचिकाएं भी शामिल थीं जिनमें ओटीटी प्लेटफॉर्म्स पर हेट स्पीच का मुद्दा उठाया गया है और इसके लिए नियम बनाने की मांग की गई है।
पीठ ने सुनवाई की अगली तारीख 19 मई तय करते हुए कहा कि हम संबंधित मामलों में हाईकोर्ट में चल रहीं लंबित सुनवाइयों पर रोक लगाने का निर्देश देते हैं।
केंद्र सरकार की ओर से पेश हुए सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने पीठ को बताया कि सुप्रीम कोर्ट के सामने इस मामले में कई याचिकाएं लंबित चल रही हैं। उन्होंने कहा कि कुछ हाईकोर्ट ने वैधानिक नियमों पर रोक लगाई है और केंद्र ने उन आदेशों के खिलाफ विशेष अनुमति याचिका (एसएलपी) दायर की है।
मेहता ने पीठ से कहा कि जहां तक स्थानांतरण याचिकाओं का संबंध है, क्या आप इस पर रोक लगाने पर विचार कर सकते हैं ताकि आगे कोई आदेश पारित न किया जा सके। पीठ ने अपने समक्ष उन याचिकाओं पर भी नोटिस जारी किया जिनमें अभी तक नोटिस जारी नहीं किए गए थे।