रिलायंस और मेटा की बड़ी तैयारी: गुजरात में बनेगा AI डेटा सेंटर, अगले दो वर्षों में बनकर तैयार होने की उम्मीद
Reliance Meta Data Centre:
रिलायंस इंडस्ट्रीज और मेटा ने भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है।

विस्तार
रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) और फेसबुक की पैरेंट कंपनी मेटा (Meta) ने एक बड़ी साझेदारी का एलान किया है। दोनों कंपनियां मिलकर गुजरात के जामनगर में एक अत्याधुनिक एआई (AI) तकनीक से लैस डेटा सेंटर बनाने जा रही हैं। यह प्रोजेक्ट तकनीक के क्षेत्र में भारत के लिए एक बहुत बड़ा कदम माना जा रहा है।

प्रोजेक्ट की मुख्य बातें
- क्षमता और समय:यह डेटा सेंटर 168 मेगावाट की क्षमता वाला होगा और इसके अगले दो वर्षों में बनकर तैयार होने की उम्मीद है।
- मेटा का पहला खास डेटा सेंटर:यह भारत में मेटा का पहला बिल्ट-टू-सूट डेटा सेंटर होगा। इसका मतलब है कि इसे बिल्कुल उसी तरह डिजाइन किया जा रहा है, जैसी मेटा की जरूरतें हैं।
- पर्यावरण के अनुकूल:इस डेटा सेंटर की सबसे खास बात यह है कि इसे पूरी तरह से ग्रीन एनर्जी से चलाया जाएगा। इसके अलावा, मशीनों की गर्मी कम करने के लिए समुद्र के खारे पानी को साफ करके इस्तेमाल किया जाएगा।

भारत के लिए यह प्रोजेक्ट क्यों है अहम?
यह नया प्रोजेक्ट कोई अचानक लिया गया फैसला नहीं है। दरअसल, साल 2020 में मेटा ने रिलायंस जियो में बड़ा निवेश किया था और यह डेटा सेंटर उसी साझेदारी को और मजबूत कर रहा है। इस प्रोजेक्ट का मुख्य लक्ष्य भारत को दुनिया भर में बड़े पैमाने पर एआई और तकनीक के बुनियादी ढांचे का एक प्रमुख केंद्र बनाना है।