ट्राई की रजत जयंती: पीएम मोदी ने कहा- 2G युग कांग्रेस की भ्रष्टाचार का नतीजा था, 2030 तक शुरू होगी 6G की सेवा
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि 2जी युग नीतिगत पक्षाघात और भ्रष्टाचार का प्रतीक था और अब हमारी सरकार के अंतर्गत देश पारदर्शी रूप से 4G की ओर बढ़ गया है और अब 5G की ओर जा रहा है।

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, अगले एक दशक में 6जी सेवा देश में शुरू होने की उम्मीद है। इसके लिए युद्धस्तर पर काम चल रहा है। भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण के रजत जयंती समारोह में मंगलवार को मोदी ने पिछली सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, 2जी घोटाले में पूरा दशक चला गया और हमारी सरकार अगले दस वर्षों में 4जी से 6जी तक पहुंचेगी।
पीएम मोदी ने इस दौरान देश में बना 5जी टेस्टबेड भी देश को समर्पित किया। मोदी ने कहा, आत्मनिर्भरता और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा कैसे समाज और अर्थव्यवस्था के क्षेत्र में बहुआयामी असर पैदा करती है, हमारा दूरसंचार क्षेत्र इसका बेहतरीन उदाहरण है। हमें इस पर गर्व है। उन्होंने कहा, हम जरा अतीत में देखें तो 2जी का काल यानी निराशा, हताशा, भ्रष्टाचार, नीतिगत पंगुता और घोटालों का कालखंड था।
आज उस कालखंड से निकलकर देश 3जी से 4जी तक आया और अब 5जी व 6जी की तरफ तेजी से कदम बढ़ा रहा है। यह परिवर्तन बड़ी सहजता और शीर्ष पारदर्शिता के साथ हो रहा है। ट्राई की इसमें बहुत महत्वपूर्ण भूमिका रही। मोदी ने कहा, रेस्ट्रोस्पेक्टिव टैक्स हो या एजीआर जैसे मुद्दे, जब भी इस क्षेत्र में चुनौतियां आई हमने उतनी ही गति से उसका समाधान किया। जहां-जहां जरूरत पड़ी सुधार भी किए। ऐसे ही प्रयासों ने एक नया विश्वास पैदा किया।
2014 के बाद दूरसंचार में एफडीआई डेढ़ गुना बढ़ा
मोदी ने कहा, 2014 से पहले एक दशक से ज्यादा समय में जितना एफडीआई टेलिकॉम सेक्टर में आया है, उससे डेढ़ गुना से अधिक सिर्फ इन आठ सालों में आया है। भारत की क्षमता पर निवेशकों के मनोभाव को मजबूत करने की जिम्मेदारी हम सभी पर है। सिलोज वाली सोच से आगे निकलकर अब देश पूरी सरकार के दृष्टिकोण के साथ आगे बढ़ रहा है। आज हम देश में टेली-डेंसिटी और इंटरनेट उपभोक्ताओं के मामले में दुनिया में सबसे तेजी से बढ़ रहे हैं।
सुखद संयोग : अगले 25 साल का रोडमैप तैयार कर रहे
मोदी ने देश में बने 5जी टेस्टबेड के उद्घाटन के बाद कहा, आज जब ट्राई ने 25 साल पूरे किए हैं, तब देश आजादी के अमृतकाल में अगले 25 वर्षों के रोडमैप पर काम कर रहा है। नए लक्ष्य तय कर रहा है। आज मुझे स्वदेशी 5जी टेस्टबेड राष्ट्र को समर्पित करने का अवसर मिला। ये दूरसंचार क्षेत्र में महत्वपूर्ण और आधुनिक टेक्नोलॉजी की आत्मनिर्भरता की दिशा में एक अहम कदम है।
मैं इस परियोजना से जुड़े सभी साथियों, हमारे आईआईटी को बहुत-बहुत बधाई देता हूं। साथ ही देश के युवा साथियों, शोधकर्ताओं और कंपनियों को आमंत्रित करता हूं कि वो इस टेस्टिंग फैसिलिटी का उपयोग 5जी टेक्नोलॉजी के निर्माण के लिए करें। इस 5जी टेस्टबेड को 220 करोड़ की लागत से तैयार किया गया है।
डेढ़ दशक में 5जी से देश की अर्थव्यवस्था में होगा 450 अरब डॉलर का योगदान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा, अनुमान है कि अगले डेढ़ दशक में 5जी से भारत की अर्थव्यवस्था में 450 बिलियन डॉलर का योगदान होगा। यानी ये सिर्फ इंटरनेट की गति ही नहीं, बल्कि प्रगति और रोजगार सृजन की गति को भी बढ़ाने वाला है। इसलिए, 5जी तेजी से आगे बढ़े, इसके लिए सरकार और उद्योग, दोनों को सामूहिक प्रयास करने की जरूरत है। मोदी ने कहा, हमारा प्रयास है कि टेलीकॉम सेक्टर और 5जी टेक्नोलॉजी में हमारे स्टार्टअप तेजी से तैयार हों, ग्लोबल चैंपियन बनें। हमारी सरकार टेक्नोलॉजी को निरंतर अपग्रेड करने के साथ-साथ देश के डिलिवरी सिस्टम को भी लगातार सुधार रही है।
21वीं सदी में कनेक्टिविटी देश की प्रगति की गति तय करेगी
21वीं सदी के भारत में कनेक्टिविटी, देश की प्रगति की गति को निर्धारित करेगी। इसलिए हर स्तर पर कनेक्टिविटी को आधुनिक बनाना ही होगा। इसकी बुनियाद का काम करेंगे आधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर का निर्माण, आधुनिक टेक्नोलॉजी का ज्यादा से ज्यादा इस्तेमाल। 5जी टेक्नोलॉजी देश के शासन, जीवन और कारोबारी सुगमता समेत अनेक विषयों में सकारात्मक बदलाव लाने वाली है। इससे खेती, स्वास्थ्य, शिक्षा, इन्फ्रास्ट्रक्चर और लॉजिस्टिक्स, हर क्षेत्र के विकास को बल मिलेगा। इससे सुविधा भी बढ़ेगी और रोजगार के मौके बढ़ेंगे।
गरीब परिवारों तक मोबाइल को पहुंचाया
मोबाइल गरीब से गरीब परिवार की भी पहुंच में हो, इसके लिए हमने देश में ही मोबाइल फोन के विनिर्माण पर बल दिया। नतीजा यह निकला कि मोबाइल विनिर्माण इकाइयां दो से बढ़कर 200 से अधिक हो गईं। आज भारत दुनिया का सबसे बड़ा मोबाइल फोन निर्माता है और जहां हम अपनी जरूरत के लिए फोन आयात करते थे, आज हम मोबाइल फोन निर्यात के नए रिकार्ड बना रहे हैं।
कॉल डाटा महंगा न हो इसके लिए स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दिया
मोदी ने कहा, मोबाइल कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए जरूरी था कि कॉल और डेटा महंगा ना हो। इसलिए टेलिकॉम बाजार में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा को प्रोत्साहन दिया। आज हम दुनिया के सबसे सस्ता डाटा प्रदाताओं में से एक हैं।
2014 से पहले 100 ग्राम पंचायतों में भी नहीं था ऑप्टिकल फाइबर, आज दो लाख में पहुंचा
मोदी ने कहा, आज भारत देश के हर गांव तक ऑप्टिकल फाइबर से जोड़ने में जुटा है। आपको भी पता है कि 2014 से पहले भारत में सौ ग्राम पंचायतें भी ऑप्टिकल फाइबर कनेक्टिविटी से नहीं जुड़ी थीं। आज हम करीब-करीब पौने दो लाख ग्राम पंचायतों तक ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी पहुंचा चुके हैं।
मोबाइल और इंटरनेट ने देश में सशक्त डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर की नींव रखी
फोन और इंटरनेट तक ज्यादा से ज्यादा भारतीयों की पहुंच ने भारत के एक बहुत बड़ी संभावना को खोल दिया है। इसने देश में एक सशक्त डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर की नींव रखी है। इसने देश में सर्विस की एक बहुत बड़ी मांग पैदा की। इसका एक उदाहरण, देश के कोने-कोने में बनाए गए 4 लाख कॉमन सर्विस सेंटर हैं। इन सेंटरों से आज सरकार की सैकड़ों सेवाएं गांव के लोगों तक पहुंच रही हैं। ये सेंटर लाखों युवाओं को रोजगार का भी माध्यम बने हैं।