वोडाफोन आइडिया में निवेश कर सकता है गूगल, पांच फीसदी हिस्सेदारी का जल्द हो सकता है सौदा

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पिछले एक महीने में रिलायंस जियो में कई विदेशी कंपनियों ने करीब 70 हजार करोड़ से अधिक का निवेश किया है। रिलायंस जियो में निवेश की शुरुआत फेसबुक ने की थी। रिलायंस जियो में फेसबुक का निवेश भारत की किसी टेलीकॉम कंपनी में अब तक का सबसे बड़ा निवेश था। वहीं अब खबर है कि अल्फाबेट गूगल, वोडाफोन आइडिया में निवेश करने की तैयार कर रहा है।
फाइनेंशियल टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक भारत में संघर्ष कर रही टेलीकॉम कंपनी वोडाफोन आइडिया में गूगल पांच फीसदी हिस्सेदारी खरीद सकता है। कहा जा रहा है कि निवेश की प्रक्रिया अभी प्रारंभिक चरण में है। जल्द ही इसकी घोषणा आधिकारिक तौर पर हो जाएगी।
रिपोर्ट में कहा गया है कि गूगल की पैरेंट कंपनी अल्फाबेट जियो में भी हिस्सेदारी लेने की तैयारी में थी लेकिन यह सौदा ठंडे बस्ते में चला गया। इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद वोडाफोन ने कहा है कि बाजार की अटकलों पर टिप्पणी नहीं करता है, वहीं गूगल ने भी इस पर फिलहाल कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है।
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बता दें कि पिछले महीने ही रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड और जियो प्लेटफॉर्म लिमिटेड और फेसबुक इंक ने एक बाइंडिंग अग्रीमेंट पर हस्ताक्षर की घोषणा की है जिसके मुताबिक फेसबुक ने जियो प्लेटफॉर्म में 43,574 करोड़ रुपये यानी 6.22 अरब डॉलर का निवेश किया है।
फेसबुक के इस निवेश के बाद जियो में फेसबुक को 9.99 फीसदी की हिस्सेदारी मिलेगी। फेसबुक और जियो के बीच इस डील को भारत के टेक्नोलॉजी सेक्टर में अब तक का सबसे बड़ा विदेशी निवेश कहा जा रहा है।
जियो-सिल्वर लेक डील
जियो प्लेटफॉर्म्स में 4 मई 2020 को सिल्वर लेक कंपनी ने भी 5655.75 करोड़ रुपये निवेश करने की घोषणा की। सिल्वर लेक को इस निवेश के बदले लगभग 1.15 फीसदी इक्विटी हासिल होगी। सिल्वर लेक के निवेश में जियो प्लेटफॉर्म्स की इक्विटी वैल्यू 4.90 लाख करोड़ आंकी गई है। यह फेसबुक की लगाई गई वैल्यू से 12.5 फीसदी अधिक है
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