CERT-In: हैकर्स के निशाने पर देश के करोड़ों एंड्रॉयड यूजर्स, सरकारी एजेंसी ने दी चेतावनी
CERT-In की रिपोर्ट के मुताबिक ये बग फ्रेमवर्क, सिस्टम, गूगल प्ले सिस्टम अपडेटस, कर्नल, आर्म कंपोनेंट, मीडियाटेक कंपोनेंट, इमेजिनेशन टेक्नोलॉजी, क्वॉलकॉम कंपोनेंट और क्वॉलकॉम क्लोज सोर्स कंपोनेंट में मौजूद हैं।

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भारत कंप्यूटर इमरजेंसी रेस्पॉन्स टीम (CERT-In) ने देश के सभी एंड्रॉयड मोबाइल यूजर्स के लिए एक बड़ी चेतावनी जारी की है। CERT-In ने कहा है कि एंड्रॉयड वर्जन 12, v12L, v13 और v14 से पहले के सभी वर्जन में उच्च स्तर की खामी है जिसका फायदा हैकर्स उठा सकते हैं और आपके फोन को हैक कर सकते हैं। साथ ही फोन में मौजूद सभी डाटा को भी ले सकते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि हैकर्स इन खामियों का फायदा उठाकर यूजर्स के फोन से जानकारी ले सकते हैं और उसमें मैलवेयर इंस्टॉल भी कर सकते हैं।
CERT-In की रिपोर्ट के मुताबिक ये बग फ्रेमवर्क, सिस्टम, गूगल प्ले सिस्टम अपडेटस, कर्नल, आर्म कंपोनेंट, मीडियाटेक कंपोनेंट, इमेजिनेशन टेक्नोलॉजी, क्वॉलकॉम कंपोनेंट और क्वॉलकॉम क्लोज सोर्स कंपोनेंट में मौजूद हैं। बता दें कि इनमें से मीडियाटेक और क्वॉलकॉम दो प्रमुख चिपसेट निर्माता कंपनियां हैं जिनके चिपसेट का इस्तेमाल अधिकतर फोन में होता है।
इस बग के शिकार वे यूजर्स हो सकते हैं जिनके पास ऐसा स्मार्टफोन है जिनमें एंड्रॉयड 11 और इससे पहले के वर्जन हैं, हालांकि फिलहाल मार्केट में अधिकतर फोन एंड्रॉयड 13 वाले हैं। इसका मतलब ये है कि इससे सिर्फ वही यूजर्स प्रभावित होंगे जिनका स्मार्टफोन कम-से-कम 6-7 साल पुराना है। यदि आपके पास भी पुराना फोन है तो कुछ सावधानी बरतकर आप इस बग से बच सकते हैं।