Apple New AI VP: बंगलूरू में पढ़े इंजीनियर को Apple में मिली बड़ी जिम्मेदारी, जानिए कौन हैं अमर सुब्रमण्य
Who Is Amar Subramanya:
दुनिया की सबसे बड़ी टेक कंपनी एपल ने सोमवार को बड़ा फैसला लिया है। एपल ने भारतीय मूल के अमर सुब्रमण्य को नया वाइस प्रसिडेंट ऑफ AI बनाया है। ये जॉन जियानांड्रिया को रिप्लेस करेंगे। जानें अमर सुब्रमण्य के बारें में विस्तार से।

विस्तार
iPhone बनाने वाली टेक कंपनी एपल ने अपनी एआई टीम में बदलाव किया है। कंपनी ने भारतीय मूल के अमर सुब्रमण्य को नया वाइस प्रेसिडेंट ऑफ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस नियुक्त किया है। अमर ने कर्नाटक के बेंगलुरु से अपनी प्रारंभिक शिक्षा पूरी की है। अब इन्हें एपल के एआई सिस्टम, रिसर्च, फाउंडेशन मॉडल व सिक्योरिटी जैसे अहम काम की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
कौन है अमर सुब्रमण्य?
अमर सुब्रमण्य एक अनुभवी एआई रिसर्चर हैं। इन्होंने गूगल व माइक्रोसॉफ्ट जैसी कंपनी में लंबे समय तक काम किया है। ये 16 साल तक गूगल में रहें और Gemini प्रोजेक्ट के इंजीनियरिंग हेड के पद पर काम किया। इसके बाद अमर माइक्रोसाॅफ्ट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के कॉर्पोरिट वाइस प्रेसिडेंट रहे। एपल ने भी उन्हें Renowned AI Researcher का सम्मान दिया है। अब एपल में ये कंपनी के सीनियर एक्जिक्यूटिव क्रेग फेडरिघी को रिपोर्ट करेंगे और AI डेवलपमेंट के सभी बड़े फैसलों में भूमिका निभाएगें।
ये भी पढ़े : Google: एआई की रेस में सबसे आगे निकलने की होड़ में गूगल, मेटा समेत अन्य बड़ी टेक कंपनियों को चिप सप्लाई करेगी
बंगलूरू में पढ़े हैं अमर सुब्रमण्य
अमर की शिक्षा भी बेहद प्रभावशाली रही है। उन्होंने बंगलूरू यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन किया और फिर अमेरिका की वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी से पीएचडी पूरी की। साथ ही वे DeepMind जैसे अत्याधुनिक AI समूहों के साथ भी जुड़ चुके हैं।

जॉन जियानांड्रिया के स्थान पर आएंगे सुब्रमण्य
अमर सुब्रमण्य, जॉन जियानांड्रिया के स्थान पर नियुक्त हुए हैं। जॉन 2018 में गूगल से एपल में आए थे। इन्होंने सिरी समेत कई एआई फीचर्स को सुधारने का काम किया, इसके बावूजद एपल एआई दौड़ में गूगल, माइक्रोसॉफट व ओपनएआई से पीछे रह गया।
ये भी पढ़े: Incognito Mode: इन्कॉग्निटो मोड से भी नहीं छिपतीं ये बातें, ब्राउजिंग हिस्ट्री ऐसे कर सकते हैं पूरी तरह डिलीट
ऐसे में टेक इंडस्ट्री को उम्मीद है कि अमर सुब्रमण्य की नियुक्ति Apple के लिए AI क्षेत्र में गेम-चेंजर साबित हो सकती है। लंबे अनुभव और रिसर्च बैकग्राउंड के चलते माना जा रहा है कि अमर नए सिरी को लॉन्च करने की रफ्तार बढ़ाएंगे। साथ ही एपल के प्रोडक्ट्स में AI को और मजबूत तरीके से इंटीग्रेट करेंगे।
- Apple Antitrust Case: एपल पर एंटीट्रस्ट केस लटकाने का आरोप, कानूनी पेनल्टी नियम को कोर्ट में दी चुनौती
- Explained: क्यों ChatGPT नहीं बता पाता सही समय? जानिए AI के इस बड़े लिमिटेशन की वजह
- TRAI Report: भारत में टेलीकॉम यूजर बेस 123 करोड़ के पार, Jio- Airtel ने बनाई बढ़त, BSNL की शानदार वापसी
- Elon Musk: स्टारलिंक शहरों में मोबाइल नेटवर्क को क्यों नहीं हरा सकता? एलन मस्क ने समझाई बड़ी वजह