Survey: भारतीय बी-स्कूल्स में तेजी से बढ़ रहा AI का इस्तेमाल, लेकिन सिर्फ 7% फैकल्टी ही एक्सपर्ट

नीतीश कुमार
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीनीतीश कुमार
Sun, 28 Sep 2025 03:35 PM IST
सार

भारत के टॉप बी-स्कूल्स में जेनेरेटिव एआई का इस्तेमाल पढ़ाई, रिसर्च और करिकुलम डिजाइन में तेजी से बढ़ रहा है। हालांकि, सर्वे में सामने आया कि सिर्फ 7% फैकल्टी ही इसके एक्सपर्ट यूजर हैं, जबकि आधे से ज्यादा अध्यापक AI के प्रभाव को सकारात्मक मानते हैं।

विज्ञापन
ai adoption in indian business schools faculty only 7 percent survey report
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस - फोटो : अमर उजाला

    विस्तार

    भारत के टॉप बिजनेस स्कूल्स में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है। MBAUniverse.com द्वारा किए गए एक सर्वे में खुलासा हुआ है कि बी-स्कूल्स के ज्यादातर अध्यापक अब पढ़ाई, रिसर्च और करिकुलम डिजाइन में जेनेरेटिव एआई का इस्तेमाल कर रहे हैं। लेकिन चौंकाने वाली बात यह है कि इनमें से सिर्फ 7% फैकल्टी में ही एक्सपर्ट लेवल पर एआई का इस्तेमाल करने की समझ है।

    सर्वे के मुताबिक, 51% फैकल्टी को लगता है कि एआई का छात्रों की पढ़ाई पर सकारात्मक असर पड़ रहा है। वहीं, 55% फैकल्टी इंटरमीडिएट यूजर हैं और सिर्फ 7% एक्सपर्ट। इसका मतलब है कि बी-स्कूल्स में एआई ट्रेनिंग और कैपेसिटी बिल्डिंग की अभी बड़ी संभावनाएं हैं।

    विज्ञापन

    एआई का इस्तेमाल कहां सबसे ज्यादा?

    रिपोर्ट में बताया गया कि अध्यापक एआई का सबसे ज्यादा इस्तेमाल रिसर्च और टीचिंग में कर रहे हैं। करिकुलम डेवलपमेंट में भी एआई का रोल लगातार बढ़ रहा है। हालांकि, एडमिनिस्ट्रेटिव काम और छात्रों के आकलन (स्टूडेंट असेसमेंट) में इसका इस्तेमाल अभी शुरुआती चरण में है।

    विज्ञापन
    विज्ञापन

    सर्वे के मुताबिक, ChatGPT को अध्यापन में सबसे उपयोगी एआई टूल माना गया। इसके बाद Microsoft Copilot और Perplexity का नाम आता है। वहीं, Google Gemini और Claude को मध्यम रेटिंग मिली, जबकि Meta AI को सबसे कम प्रासंगिक माना गया।

    एआई के रिसर्च में इस्तेमाल को लेकर फैकल्टी ने कई चुनौतियां भी गिनाईं। इनमें सबसे बड़ी चिंता एथिक्स और इंटीग्रिटी से जुड़ी है। इसके अलावा, गलत या अविश्वसनीय रिजल्ट और स्पष्ट नीतियों की कमी भी बड़ी चुनौतियां हैं।

    सर्वे ने साफ किया है कि भारतीय बी-स्कूल्स में एआई का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है। हालांकि, फैकल्टी को इसके उपयोग में ट्रेनिंग और गाइडेंस की बेहद जरूरत है, ताकि शिक्षा में इसका जिम्मेदारी से इस्तेमाल हो सके और छात्रों को अधिकतम लाभ मिल सके।

    Login or Signup
    अपना शहर चुनें