Aadhaar: घर बैठे ऑनलाइन डीएक्टिवेट करें मृतक का आधार कार्ड, UIDAI ने शुरू की नई सेवा; जानें पूरा प्रोसेस
Deactivate Aadhaar card after death online:
आधार कार्ड आज के समय में सिर्फ एक पहचान पत्र नहीं, बल्कि हमारी वित्तीय सुरक्षा भी होती है। किसी की मृत्यु के बाद उनके आधार को डीएक्टिवेट करना अब एक अनिवार्य सुरक्षा कदम बन गया है, ताकि पहचान की चोरी और वित्तीय धोखाधड़ी को रोका जा सके। इसी काे लेकर सरकार ने एडवाइजरी भी जारी की है...

विस्तार
UIDAI new portal service:
मृत्यु के बाद आधार का एक्टिव रहना बड़े खतरे की घंटी हो सकता है। ठग इसका इस्तेमाल फर्जी बैंक ट्रांजेक्शन या पेंशन हड़पने के लिए भी कर सकते हैं। इसी को देखते हुए UIDAI ने अब MyAadhaar पोर्टल पर डेथ रिपोर्टिंग की सुविधा शुरू कर दी है, जिससे आप मृतक की पहचान को सुरक्षित कर सकते हैं।
Prevent Aadhaar fraud after death
: यूआईडीएआई ने माईआधार पोर्टल पर एक नई सेवा रिपोर्ट डेथ ऑफ अ फैमिली मेंबर शुरू की है। यह सुविधा सिविल पंजीकरण प्रणाली (CRS) के साथ मिलकर काम करती है। इसका मुख्य उद्देश्य मृतक के आधार का दुरुपयोग रोकना और केवाईसी धोखाधड़ी पर लगाम लगाना है। मृत्यु पंजीकरण संख्या (Death Registration Number) के जरिए अब परिवार के सदस्य ऑनलाइन ही आधार डीएक्टिवेट करने का अनुरोध कर सकते हैं।
MyAadhaar portal 2026 update: आधार डीएक्टिवेट करना क्यों है जरूरी?
आधार सीधे बैंक खातों, पैन कार्ड और सरकारी सब्सिडी जैसे एलपीजी, पेंशन से जुड़ा होता है। अगर मृत्यु के बाद इसे बंद नहीं किया गया, तो अपराधी इसका इस्तेमाल नकली सब्सिडी दावों या बिना अनुमति के पैसे निकालने के लिए कर सकते हैं। इसे डीएक्टिवेट करना परिवार की आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करता है।
Step by step Aadhaar deactivation: यूआईडीएआई की नई ऑनलाइन प्रक्रिया
- दस्तावेज: सबसे पहले मृतक का मृत्यु प्रमाण पत्र (Death Certificate) तैयार करवाएं।
- लॉगिन: इसके बाद MyAadhaar पोर्टल पर जाएं और अपने आधार व ओटीपी से लॉगिन करें।
- विकल्प चुनें: सर्विसेज सेक्शन में जाकर रिपोर्ट डेथ ऑफ अ फैमिली मेंबर पर क्लिक करें।
- विवरण भरें: मृतक का आधार नंबर, नाम, जन्म तिथि और सबसे महत्वपूर्ण, मृत्यु पंजीकरण संख्या दर्ज करें।
- वेरिफिकेशन: बायोमेट्रिक या ओटीपी के जरिए अपनी पहचान सत्यापित करें और रिक्वेस्ट सबमिट करें।
- ऑटो मोड:अगर आधार डेटा पहले से मृत्यु प्रमाण पत्र से लिंक है, तो सिस्टम इसे तेजी से डीएक्टिवेट कर देता है।
- मैनुअल मोड:खुद से अनुरोध सबमिट करने पर वेरिफिकेशन के बाद प्रक्रिया पूरी होने में 90 दिनों तक का समय लग सकता है।
आप माईआधार पोर्टल पर जाकर चेक डिकेस्ड आधार डिएक्टिवेट स्टेटस विकल्प का उपयोग कर सकते हैं। इसके अलावा नजदीकी आधार सेवा केंद्र पर जाकर भी रिकॉर्ड अपडेट की जानकारी ली जा सकती है।