वर्ल्ड रिकॉर्ड के साथ जोकोविच ने खत्म किया साल 2015 का सफर
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दुनिया के नंबर वन टेनिस खिलाड़ी नोवाक जोकोविच ने अपनी बादशाहत कायम रखते हुए साल 2015 का भी समापन खिताबी जीत के साथ किया। वर्ष के आखिरी एटीपी टूर्नामेंट वर्ल्ड टूर फाइनल्स के फाइनल में जोकोविच ने पूर्व नंबर वन रोजर फेडरर को हराकर खिताबी जीत का 'चौका' लगा दिया।
सर्बिया के जोकोविच ने लगातार चौथे साल और कुल पांचवीं बार इस प्रतिष्ठित खिताब पर कब्जा जमाया है। लंदन में खेले गए फाइनल मुकाबले में जोकोविच ने 6 बार के चैंपियन रोजर फेजरर को सीधे सेटों में हराया। जोकोविच ने 80 मिनट तक चले इस मैच में 6-3, 6-4 से जीत हासिल की।
28 साल के जोकोविच के लिए यह साल बेहद शानदार रहा है। 2015 में उन्होंने 3 ग्रैंडस्लैम खिताब समेत कुल 11 खिताब जीते हैं। फेडरर ने इसी टूर्नामेंट के ग्रुप स्टेज में जोकोविच को हराया था, लेकिन फाइनल में 17 बार के ग्रैंडस्लैम चैंपियन फेडरर ने कई गलतियां की जिस कारण उन्हें सीधे सेटों में खिताब गंवाना पड़ा।
इस खिताबी जीत के साथ ही जोकोविच ने 1987 में इवान लेंडल के बनाए लगातार 3 एटीपी टूर फाइनल्स जीतने का रिकॉर्ड तोड़ दिया। दोनों दिग्गजों के बीच अब तक 44 मुकाबले हुए हैं जिसमें दोनों ने 22-22 मुकाबले जीते। इस तरह से दोनों के बीच कोर्ट पर मुकाबला बराबरी का हो गया है।
लेकिन भारतीय खिलाड़ी को फाइनल में मिली हार
भारत के रोहन बोपन्ना और रोमानिया के फ्लोरीन मेर्गिया की जोड़ी रविवार को वर्ष के आखिरी एटीपी टूर्नामेंट वर्ल्ड टूर फाइनल्स के फाइनल में खिताब जीतने से चूक गई और उसे हार का सामना करना पड़ा गया। बोपन्ना-मेर्गिया की आठवीं वरीय जोड़ी को पुरुष डबल्स के फाइनल में नीदरलैंड के ज्यां जूलियन रोजर और रोमानिया के होरिया टेकाऊ की दूसरी वरीय जोड़ी ने सीधे सेटों में 6-4, 6-3 से हराया।
लंदन में रोजर-टेकाऊ की जोड़ी ने मुकाबले में तीन बार बोपन्ना-मेर्गिया की सर्विस तोड़ी और सात एस लगाते हुए 44 के मुकाबले 55 विनर्स के सहारे वर्ष का आखिरी प्रतिष्ठित एटीपी खिताब अपने नाम कर लिया।
इससे पहले आठवीं सीडेड जोड़ी बोपन्ना-मेर्गिया ने तीसरी वरीयता के क्रोएशियाई इवान डोडिग और ब्राजील के मार्सेलो मेलो को सेमीफाइनल में 6-4, 6-2 से पराजित किया था। 2011 के बाद ऐसा पहली बार हुआ है जब आठवीं वरीयता की जोड़ी इस टूर्नामेंट के फाइनल में पहुंची थी।