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Hindi News ›   Spirituality ›   Religion ›   We should try many times for God, as much as we strive for wealth

धन के लिए हम जितना प्रयास करते हैं, उससे कई गुणा भगवान के लिए करने की जरूरत

Sat, 31 Mar 2018 01:07 PM IST
स्वामी रामनरेशाचार्य
स्वामी रामनरेशाचार्य Updated Sat, 31 Mar 2018 01:07 PM IST
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We should try many times for God, as much as we strive for wealth

आज नहीं, तो कल भगवान को पिघलना ही होगा। पिघलकर हमें अपनाना ही होगा, गले लगाना ही होगा। इसके लिए भगवान अब रुक नहीं पाएंगे। जैसे उन्होंने कोल-भील्लों को गले लगाया। लेकिन संकल्प बड़ा होना चाहिए और पूर्ण रीति से होने की जरूरत है।

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जगद्गुरु वल्लभाचार्य जी ने लिखा है, 'अर्थ यानी धन कमाने के लिए हम कितना प्रयास करते हैं, तो भगवान तो परमार्थ हैं। परम अर्थ हैं। सबसे बड़ा धन हैं। उन्हें कमाने के लिए लाखों-करोड़ों गुणा अधिक प्रयास की जरूरत है। अभी वाला कम प्रयास नहीं चलेगा। दो मिनट सिर्फ ध्यान व पूजन करने से, इलायची दाना भोग लगाने से।
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भगवान ने हमें मनुष्य जीवन दिया है। हम अपने ही कर्मों से प्राप्त इस जीवन को, मोक्ष के लिए उपयोग करें। हमें स्वर्ग नहीं जाना है। हमें ब्रह्मलोक नहीं जाना है। हमें गणेश लोक नहीं जाना है। हमें देवी लोक नहीं जाना। हमें तो राम कृष्ण के लोक में जाना है। जहां जाने से लौटा नहीं जाता, वहीं मेरा धाम है।

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