फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Spirituality ›   Festivals ›   Paush Masik Kalashtami 2024 Date Puja Vidhi Shubh Muhurat And Importance In Hindi

Masik Kalashtami 2024: पौष माह की कालाष्टमी आज, जानें पूजा का महत्व और विधि

Thu, 04 Jan 2024 09:48 AM IST
आशिकी पटेल धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: आशिकी पटेल Updated Thu, 04 Jan 2024 09:48 AM IST
सार

 Paush Masik Kalashtami 2024:  कालाष्टमी के दिन काशी के कोतवाल कहे जाने वाले बाबा काल भैरव की पूजा का विधान है। बाबा काल भैरव शिव जी के रौद्र माने जाते हैं। इस दिन व्रत रखकर विधि पूर्वक पूजा करने से जीवन से दुख, दरिद्रता और परेशानियां दूर हो जाती हैं।

विज्ञापन
Paush Masik Kalashtami 2024 Date Puja Vidhi Shubh Muhurat And Importance In Hindi
Baba Kal Bhairav - फोटो : self

विस्तार

Paush Masik Kalashtami 2024: हिंदू पंचांग के अनुसार प्रत्येक माह में कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को कालाष्टमी व्रत रखा जाता है। इस बार पौष माह की कालाष्टमी का व्रत 04 जनवरी को रखा जा रहा है। कालाष्टमी के दिन काशी के कोतवाल कहे जाने वाले बाबा काल भैरव की पूजा का विधान है। बाबा काल भैरव शिव जी के रौद्र माने जाते हैं। इस दिन व्रत रखकर विधि पूर्वक पूजा करने से जीवन से दुख, दरिद्रता और परेशानियां दूर हो जाती हैं। कालाष्टमी व्रत के दिन शिवालयों और मठों में विशेष पूजा का आयोजन किया जाता है, जिसमें भगवान शिव के रूप में काल भैरव का आह्वान किया जाता है। ऐसे में चलिए जानते हैं पौष माह की कालाष्टमी की पूजा विधि और शुभ मुहूर्त के बारे में... 

विज्ञापन


पौष मास की कालाष्टमी तिथि और मुहूर्त
पौष मास की कालाष्टमी तिथि की शुरुआत 03 जनवरी 2024 को शाम 07 बजकर 48 मिनट पर हो रही है। इसका समापन 04 जनवरी 2024 की रात 10 बजकर 04 मिनट पर होगा। ऐसे में इस साल पौष मास की कालाष्टमी का व्रत 04 जनवरी 2024 दिन गुरुवार को रखा जाएगा। 
विज्ञापन

 
विज्ञापन
विज्ञापन
मेष राशिफल 2024 तुला राशिफल 2024
वृषभ राशिफल 2024 वृश्चिक राशिफल 2024
मिथुन राशिफल 2024 धनु राशिफल 2024
कर्क राशिफल 2024 मकर राशिफल 2024
सिंह राशिफल 2024 कुंभ राशिफल 2024
कन्या राशिफल 2024 मीन राशिफल 2024

कालाष्टमी की पूजन विधि

  • कालाष्टमी की पूजा के लिए सबसे पहले शुभ मुहूर्त में पूजा स्थल को साफ करें और काल भैरव की मूर्ति या चित्र स्थापित करें।
  • इसके बाद घर में गंगाजल छिड़कें और उन्हें फूल अर्पित करें।  
  • अब काल भैरव को धूप, दीप से पूजन कर नारियल, इमरती, पान, मदिरा का भोग लगाएं।  
  • इसके बाद काल भैरव के समक्ष चौमुखी दीपक जलाएं।
  • पूजा के दौरान भैरव चालीसा और मंत्रों का पाठ करें।
  • पूजा के अंत में आरती करें और काल भैरव का आशीर्वाद प्राप्त करें।  

Vastu Tips 2024: नए साल में घर या ऑफिस डेस्क पर रखें ये छोटा सा पौधा, सालभर मिलेगी तरक्की


मासिक कालाष्टमी व्रत का महत्व
मान्यता है कि कालाष्टमी के दिन व्रत रखकर बाबा काल भैरव की पूजा करने से सभी तरह के भय से मुक्ति मिल जाती है। इस दिन व्रत करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और शुभ फल की प्राप्ति होती है। बाबा भैरव की पूजा से शत्रुओं से छुटकारा भी मिलता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स,स्वास्थ्य संबंधी सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed