56 भोग थाली: जन्माष्टमी पर लड्डू गोपाल को लगाने वाले हैं 56 भोग? जानें किन चीजों को करना है शामिल
56 Bhog Thali For Krishna Janmashtami 2026: शुभ योग में इस बार जन्माष्टमी मनाई जा रही है। इस खास मौके पर पूजा-अर्चना के साथ-साथ भगवान श्रीकृष्ण को 56 प्रकार के भोग अर्पित करने की भी परंपरा है।
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56 Bhog Thali For Krishna Janmashtami 2026: भगवान श्रीकृष्ण का जन्मोत्सव इस साल 4 सितंबर 2026 को मनाया जा रहा है। इस दिन को कृष्ण जन्माष्टमी के नाम से जाना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि, जन्माष्टमी के दिन भगवान श्रीकृष्ण की विधि-विधान से पूजा-अर्चना करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है और भक्तों को कान्हा की कृपा प्राप्त होती हैं। जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण को 56 प्रकार के भोग अर्पित करने की भी परंपरा है। इस छप्पन भोग की थाली में अलग-अलग तरह के व्यंजन और स्वाद शामिल किए जाते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि, कान्हा को लगाए जाने वाले इन 56 भोगों में कौन-कौन सी चीजें शामिल होती हैं? अगर नहीं, तो आइए इनके बारे में विस्तार से जानते हैं।
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छप्पन भोग में शामिल करें ये खास चीजें
- गाय का घी
- मक्खन
- मलाई
- रबड़ी
- पापड़
- सीरा
- लस्सी
- सुवत
- मोहन
- सुपारी
- इलायची
- मौसमी फल
- पान
- मोहन भोग
- नमक
- चावल
- दाल
- चटनी
- कढ़ी
- दही
- शिखरन
- शरबत
- बाटी
- मुरब्बा
- मीठा
- बड़ा
- लौंगपुरी
- खुरमा
- दलिया
- परिखा
- सौंफ युक्त मिठाई
- बिलसारू
- मठरी
- फेनी
- पूरी
- खजला
- घेवर
- मालपुआ
- चोला
- जलेबी
- मेसू
- रसगुल्ला
- मीठा पकवान
- रायता
- थूली
- लड्डू
- साग
- अचार
- मोठ
- खीर
- दही
- कसैला स्वाद
- मीठा
- कड़वा स्वाद
- तीखा स्वाद
- खट्टा स्वाद
4 सितंबर 2026 का शुभ चौघड़िया
- शुभ: सुबह 6:00 बजे से 7:35 बजे तक
- रोग: सुबह 7:35 बजे से 9:10 बजे तक
- उद्वेग: सुबह 9:10 बजे से 10:45 बजे तक
- चर: सुबह 10:45 बजे से दोपहर 12:20 बजे तक
- लाभ: दोपहर 12:20 बजे से 1:55 बजे तक
- अमृत: दोपहर 1:55 बजे से 3:30 बजे तक
- काल: दोपहर 3:30 बजे से शाम 5:05 बजे तक
- शुभ: शाम 5:05 बजे से 6:40 बजे तक
Janmashtami Bhog Rules: जन्माष्टमी पर कितनी बार लगाना चाहिए बाल गोपाल को भोग? जानें सही नियम
- निशीथ काल: रात 11:57 बजे से 12:43 बजे तक
- अभिजीत मुहूर्त: रात 11:56 बजे से 12:44 बजे तक
- अमृत काल: रात 8:03 बजे से 9:33 बजे तक
- जन्माष्टमी पर मध्यरात्रि पूजा: रात 12 बजे के आसपास
जन्माष्टमी 2026: राशि के अनुसार करें लड्डू गोपाल का श्रृंगार, जानें किस राशि के लिए कौन सा रंग शुभ
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।