{"_id":"64a58ffadb24cacaa70ee507","slug":"under-section-118-the-fee-for-the-intkal-of-land-increased-notification-issued-2023-07-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Himachal News: धारा 118 के तहत जमीन के इंतकाल की फीस बढ़ी, अधिसूचना जारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Himachal News: धारा 118 के तहत जमीन के इंतकाल की फीस बढ़ी, अधिसूचना जारी
Thu, 06 Jul 2023 11:04 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Thu, 06 Jul 2023 11:04 AM IST
सार
प्रदेश में मुजारियत एवं भू सुधार अधिनियम की धारा 118 के तहत खरीदी गई जमीन के इंतकाल की फीस बढ़ा दी गई है। सरकार ने इसे 30 साल बाद बढ़ाया है।
विज्ञापन
प्रधान सचिव राजस्व ओंकार शर्मा
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
हिमाचल प्रदेश में मुजारियत एवं भू सुधार अधिनियम की धारा 118 के तहत खरीदी गई जमीन के इंतकाल की फीस बढ़ा दी गई है। सरकार ने इसे 30 साल बाद बढ़ाया है। पहले यह नाममात्र थी और कुछ मामलों में तो दो रुपये भी थी। अब अलग-अलग अवस्थाओं में इस म्यूटेशन शुल्क को 50 रुपये से 10 हजार रुपये किया गया है। प्रधान सचिव राजस्व ओंकार शर्मा ने इस बारे में अधिसूचना जारी की है। धारा 118 के तहत राज्य से बाहर के रहने वाले लोगों को जमीन बेची जाती है। इसे मकान बनाने या उद्योग लगाने के दो उद्देश्यों से ही दिया जाता है।
विज्ञापन
इसके लिए जमीन के इंतकाल की अलग-अलग अवस्थाओं में लिए जाने वाले शुल्क में बढ़ोतरी की गई है। खानगी तकसीम के अभिलेख में दर्ज करने के वक्त 100 से 500 रुपये की फीस देनी होगी। उत्तराधिकार से किसी हित के अर्जन से संबंधित फीस 50 रुपये से 200 रुपये तक ली जाएगी। धारा 118 के तहत राज्य सरकार की अनुमति के बाद निष्पादित रजिस्ट्रीकरण विलेख से किसी हित या अधिकार के अर्जन से संबंधित प्रविष्टि के लिए पांच हजार से लेकर अधिकतम दस हजार रुपये तक इंतकाल शुल्क लिया जाएगा।
विज्ञापन