कांग्रेस MLA का पार्टी महासचिव पर पलटवार, टैक्स में लगा रहे हैं करोड़ों का चूना
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हिमाचल के बिलासपुर जिला कांग्रेस में घमासान मचा हुआ है। प्रदेश कांग्रेस महासचिव रामलाल ठाकुर और सदर विधायक बंबर ठाकुर के बीच आरोपों-प्रत्यारोपों का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा। सोमवार को जहां रामलाल ठाकुर ने बंबर ठाकुर पर गंभीर आरोप जड़े। वहीं मंगलवार को विधायक बंबर ठाकुर ने पलटवार करते हुए राम लाल ठाकुर और उनके पुत्र पर गंभीर आरोप लगाए।
उन्होंने कहा कि अगर रामलाल सच सामने लाने की हिम्मत रखते हैं तो सीबीआई और कोर्ट को लिखित शिकायत दें, जिस पर वह भी साइन करने की तैयार हैं। आरोप लगाया कि रामलाल के बेटे ने कीरतपुर से धराड़सानी तक का फोरलेन निर्माण का ठेका ले रखा है। जहां लाखों की रेत-बजरी और पत्थर जा रहे हैं, वह कहां से जा रहे हैं?
जुखाला खड्ड से कौन निकाल रहा है रेत-बजरी
खाला खड्ड से रेत-बजरी कौन निकाल रहा है? रेतबजरी राम लाल के लोग निकाल रहे थे और नाम मेरा लिया जा रहा था। लेकिन जब एसएचओ बरमाणा ने कार्रवाई की और ट्रकों को पकड़ा तो मामला सामने आया। पकड़े गए सभी लोग रामलाल ठाकुर और रणधीर शर्मा के थे।
खैर कटान मामले में हाईकोर्ट के जज से जांच करने की मांग मैंने खुद की थी। राम लाल ठाकुर ने तो सीमेंट कंपनी में अपने बेटे की 200 बोगियां लगा गरीब लोगों के रोजगार का हक मारा है। वहीं उनमें नियमों को ताक पर रखकर ओवरलोडिंग की जा रही है। नौ टन की जगह 40 टन लाया जा रहा है, उसका टैक्स कौन भरेगा?
श्री नयना देवी के पांच ब्लाकों में खैर के हजारों पेड़ काटे गए। लेकिन इसके बाद भी राम लाल ठाकुर ने मामले की जांच की मांग आज तक क्यों नहीं की। आरोप लगाया कि रामलाल ठाकुर, सुरेश चंदेल और रणधीर शर्मा की मिलीभगत है। राम लाल और सुरेश चंदेल ने बस अड्डे के पास जमीन पर बहुमंजिला भवन तैयार किया। इससे 10 लाख किराया आता है।
षड्यंत्रकारियों की खुद ही खुल गई पोल
बंबर ठाकुर ने कहा कि रामलाल भाजपा के सुरेश चंदेल के साथ मिलकर उन्हें बदनाम करने का षड्यंत्र रचते रहे। लेकिन अब उन्होंने जो उन पर आरोप लगाए हैं, उनसे उनकी पोल खुल गई है और लोगों को पता लग गया है कि षड्यंत्रकारी कौन है।
यह है मेरी पृष्ठ भूमि
बंबर ठाकुर ने कहा कि उन्होंने एमएलए बनने से पहले एक बस खरीदी, कारोबार बढ़ता गया और पांच बसें हो गईं। इसके बाद हैंडपंप लगाने वाली मशीनें खरीदी और जेसीबी भी खरीदी।
उन्होंने कहा कि एमएलए बनने से पहले करोड़ों कमाए और लोगों में बांट भी दिए। लेकिन राम लाल ठाकुर बताएं कि वह एमएलए बनने से पहले क्या थे और उनके पास करोड़ों-अरबों की जायदाद कहां से आई?
बंबर चाहें तो जांच करवा लें: रामलाल
उधर, रामलाल ठाकुर ने कहा कि उनके बेटे के कारोबार की भाजपा सात बार जांच करवा चुकी है। अगर विधायक चाहें तो वो भी करवा लें। उनका बेटा कारोबारी है। वह किसी संवैधानिक पद पर नहीं है। बेटे की कंपनी पंजीकृत है।
सभी बोगियां फाइनांस कंपनी से लोन लेकर खरीदी गई हैं। बस अड्डे के पास जो दुकान है, सोसायटी की है। विधायक अपनी खाल बचाने के लिए ऐसी बयानबाजी कर रहे हैं। सीएम से मांग है कि वह मामले की सीबीआई जांच करवाएं।