हिमाचल: बैरियर पर अब नहीं लगेंगी कतारें, रोहतांग जाने वालों का ऑनलाइन चेक होगा परमिट
कुल्लू जिला प्रशासन ने राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) हिमाचल प्रदेश के सहयोग से मोबाइल एप विकसित किया है।कुछ सेकंडों में मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन कर परमिट की जांच हो जाएगी। इससे पहले यह काम काउंटर पर होता था। चालकों को अपना वाहन छोड़कर काउंटर पर जाने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी
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हिमाचल प्रदेश के रोहतांग दर्रे के दीदार के लिए सैलानियों, वाहन चालकों को अब गुलाबा और कोकसर बैरियरों पर परमिट लेने के लिए कतारों में खड़ा नहीं होना पड़ेगा। अब मोबाइल एप से रोहतांग जाने वालों का परमिट जांच लिया जाएगा। इसके लिए जिला प्रशासन ने राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केंद्र (एनआईसी) हिमाचल प्रदेश के सहयोग से मोबाइल एप विकसित किया है। कुछ सेकंडों में मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन कर परमिट की जांच हो जाएगी। इससे पहले यह काम काउंटर पर होता था। चालकों को अपना वाहन छोड़कर काउंटर पर जाने की जरूरत भी नहीं पड़ेगी, बल्कि बैरियर पर तैनात कर्मचारी ही उनके पास आकर परमिट जांचेंगे।
इससे जाम भी नहीं लगेगा। एक ही परमिट का बार-बार इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। उपायुक्त आशुतोष गर्ग ने बताया कि रोहतांग दर्रे को देखने आने वाले देश-विदेश के पर्यटकों और अन्य वाहन चालकों की सुविधा के लिए यह पहल की गई है। यह एप एंड्रॉयड मोबाइल के लिए उपलब्ध करवाया गया है। इस एप से काम में पारदर्शिता आएगी और समय की बचत होगी। रोहतांग दर्रे के लिए वाहनों की आवाजाही की वास्तविक संख्या का भी इस एप से पता चलेगा।