Himachal: चंडीगढ़-मनाली एनएच पर 53.89 करोड़ से बना 800 मीटर लंबा बगलामुखी रोपवे जनता को समर्पित
पंडोह के समीप ब्यास के ऊपर से नेशनल हाईवे और बगलामुखी मंदिर को जोड़ने वाले इस रोपवे का उद्घाटन मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने किया।
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चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर 53.89 करोड़ रुपये की लागत से बना बगलामुखी रोपवे मंगलवार को जनता को समर्पित किया गया। पंडोह के समीप ब्यास के ऊपर से नेशनल हाईवे और बगलामुखी मंदिर को जोड़ने वाले इस रोपवे का उद्घाटन मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने किया। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, पूर्व मंत्री काैल सिंह ठाकुर भी मौजूद रहे।
32 महीनों में बनकर तैयार हुआ यह रोपवे पंडोह के कैंची मोड़ से लेकर माता बगलामुखी मंदिर बाखली तक 800 मीटर लंबा है। रोपवे की ट्राॅली में 32 लोग बैठ सकेंगे। रोपवे के उद्घाटन के बाद मुख्यमंत्री ने माता बगलामुखी मंदिर में हाजिरी लगाई। इसके बाद नेचर पार्क बाखली में जनसभा को संबोधित किया। यह देश का पहला नाबार्ड द्वारा वित्त पोषित रोपवे है। पूर्व सीएम जयराम ठाकुर ने इसकी आधारशिला रखी थी।
इतना लगेगा किराया
बगलामुखी रोपवे के आसपास के गांव के स्थानीय लोगों के लिए किराया कम रखा गया है। यहां स्थानीय लोग केवल 30 रुपये देकर रोपवे में सफर कर सकेंगे। रोपवे के निर्माण का एक मकसद यह भी था कि स्थानीय लोगों को सुविधा मिले। उनके लिए बसों की आवाजाही उतनी ज्यादा नहीं है और रोड भी ठीक नहीं है। बरसात के दिनों में रोड बह जाता है जिससे लोग वहीं फंसकर रह जाते हैं। ऐसे में सामान लाने और ले जाने में उनको दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

पर्यटकों के लिए 250 रुपये किराया लगेगा
ऐसे में उनके लिए किराया कम रखा गया है जबकि पर्यटकों के लिए 250 रुपये किराया लगेगा। यह किराया दोनों तरफ का होगा। 10 साल की उम्र तक के बच्चों का 50 फीसदी किराया ही लगेगा। इसके अलावा 5 साल तक की उम्र के बच्चों को निशुल्क सुविधा रहेगी। रोपवे बनने से स्थानीय लोगाें को रोजगार के प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष साधन खुलेंगे। एनएच से रोप-वे के जरिये पर्यटक बाखली पहुंचेंगे। यहां प्रकृति के बीच पर्यटक समय गुजार सकते हैं।
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि रोपवे को हिमाचल प्रदेश में लाना एक बहुत बड़ी चुनौती है, लेकिन आज भारत में हिमाचल प्रदेश रोपवे की दुनिया में बहुत आगे निकलने वाला है। सराज विधानसभा क्षेत्र के बाखली में मंगलवार को आयोजित जनसभा में उन्होंने कहा कि शिमला में बनने वाला रोपवे दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा रोपवे 1750 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया जा रहा है।
रोहतांग, बिजली महादेव, बाबा बालकनाथ और चिंतपूर्णी में रोपवे बनाने का काम शुरू कर दिया गया है। कहा कि उनकी धर्मपत्नी सिम्मी अग्निहोत्री की बगलामुखी मंदिर में अपार श्रद्धा थी और मैं कई बार उनके साथ यहां आया, लेकिन अब रोपवे बनने से यहां आना सुविधाजनक हो गया है। कहा कि एचआरटीसी 1,000 बसें खरीदने जा रही है। इनमें 350 ई-बसें भी खरीदी जा रही हैं। लोगों की सुविधा के लिए एचआरटीसी टेंपो ट्रेवलर भी चलाएगा। एचआरटीसी में पेंशन और सैलरी न मिलने के जयराम ठाकुर झूठे दावे कर रहे हैं, जबकि सत्य यह है कि सभी सरकारी कर्मचारियों को सैलरी दी जा रही है। जयराम एचआरटीसी का एक भी कर्मचारी बता दें, जिसे सैलरी और पेंशन न मिली हो।