विधानसभा में बजट सत्र के चौथे दिन विपक्ष ने हंगामा, नारेबाजी के बीच दो बार सदन से वाकआउट किया।
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विधानसभा में बजट सत्र के चौथे दिन विपक्ष ने हंगामा, नारेबाजी के बीच दो बार सदन से वाकआउट किया। पहले प्रदेश में 70 नेशनल हाईवे बनने में देरी पर हंगामा किया।
उसके बाद राज्यपाल के अभिभाषण पर हुई चर्चा का मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का जवाब कांग्रेस विधायकों को रास नहीं आया और सदन से वाकआउट कर गए।
प्रदेश के लिए एनएच की घोषणा को मायाजाल करार देते हुए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के जवाब से असंतुष्ट विपक्षी सदस्यों ने प्रश्नकाल के दौरान आक्रामक रुख अपनाया। नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने 65000 करोड़ की लागत से प्रस्तावित 70 एनएच को केंद्र ने मंजूरी नहीं दी।
महज सैद्धांतिक मंजूरी ही मिली है। जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि 69 राष्ट्रीय राजमार्गों और एक अन्य सड़क को राष्ट्रीय राजमार्ग घोषित करने का मामला केंद्र के समक्ष उठाया गया है।
सीएम जयराम ने दिया ये जवाब
54 सड़कों की ड्राफ्ट संरेखण रिपोर्ट की मंजूरी और इनको एनएच घोषित करने का मामला केंद्र सरकार के विचाराधीन है। दो अन्य सड़कें जो एनएच के मानदंडों के अनुरूप बनी हैं, वे भी केंद्र में एनएच घोषित करने के लिए विचाराधीन हैं।
58 एनएच की डीपीआर के लिए केंद्र ने 173.75 करोड़ की राशि मंजूर की है। इनके लिए भू अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू नहीं हो पाई है। जवाब से असंतुष्ट नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि चुनाव से पहले यह महज मायाजाल ही बिछाया गया था।
हिमाचल को इससे कब बाहर निकाला जाएगा। इस पर सीएम जयराम ठाकुर बोले कि वह स्पष्ट करना चाहते हैं कि 50 एनएच की मंजूरी उस वक्त हो गई थी, जब प्रदेश में कांग्रेस सरकार थी।
इसके बाद डीपीआर प्रक्रिया रोके रखी गई कि कहीं इसका भाजपा को राजनीतिक लाभ न मिले। केवल आठ डीपीआर ही आउटसोर्स की गईं, जबकि हमने 50 कर दी हैं। इसी बीच विपक्ष के सदस्य खड़े हो गए और सत्तापक्ष के खिलाफ नारेबाजी करते हुए हाउस से बाहर चले गए।
विपक्ष के सदस्य सत्तापक्ष के खिलाफ नारेबाजी करते रहे
बाद मेें राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के लिए ये सभी सदस्य भीतर लौट आए। राज्यपाल के अभिभाषण पर हुई चर्चा का मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर का जवाब कांग्रेस विधायकों को रास नहीं आया।
कांग्रेस विधायकों ने वीरवार दोपहर बाद मुख्यमंत्री के संबोधन के दौरान हंगामा करना शुरू कर दिया। साल 2018 के बजट की घोषणाएं अभी तक पूरा नहीं करने का नेता विपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने आरोप लगाया। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी तो मैंने जवाब देना शुरू किया है।
सभी शंकाओं का दूर किया जाएगा। विपक्षी विधायक मुख्यमंत्री की बात सुनने को तैयार नहीं दिखे। दोनों पक्षों में तीखी नोकझोंक हुई। इसी बीच कांग्रेस विधायक नारेबाजी करते हुए सदन से बाहर चले गए।
विपक्ष के वाकआउट की मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने निंदा करते हुए कहा कि विपक्ष जवाब सुनने को ही तैयार नहीं था। कांग्रेस में नेतृत्व करने वाले बहुत अधिक हो गए हैं।
उधर, नेता विपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने वाकआउट के बाद मीडिया से बात करते हुए कहा कि सरकार द्वारा की गई 30 घोषणाओं का मुख्यमंत्री ने कोई जवाब नहीं दिया। यह योजनाएं उड़ान नहीं भर पाईं।