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Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Shimla News ›   Power shortage in Himachal Pradesh

नदी-नालों का पानी सूखने से हिमाचल में गहराया बिजली संकट, उत्पादन घटा

Thu, 17 May 2018 10:22 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला Updated Thu, 17 May 2018 10:22 AM IST
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Power shortage in Himachal Pradesh

नदी-नालों का पानी सूखने से हिमाचल में बिजली संकट गहरा गया है। मई माह में 45 फीसदी तक बिजली उत्पादन घट गया है। गर्मी के मौसम में लोगों को राहत देने के लिए प्रदेश सरकार ने अब बिजली बोर्ड को अपने कोटे की बिजली देने का फैसला लिया है।

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आगामी दस दिन तक सरकार अपने कोटे से रोजाना 22 लाख यूनिट बिजली देगी। इसके लिए बोर्ड को 2.48 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से सरकार को शुल्क चुकाना होगा। आशंका है कि आने वाले दिनों में पानी की कमी दूर न हुई तो बिजली कट भी लग सकते हैं।
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हिमाचल में मई महीने में सामान्य तौर पर बोर्ड की अपनी परियोजनाओं से करीब 80 लाख यूनिट प्रतिदिन बिजली का उत्पादन होता है, लेकिन इन दिनों उत्पादन घट कर 48 लाख यूनिट रह गया है, जबकि इन दिनों बिजली की जरूरत 270 लाख यूनिट प्रतिदिन की है।  

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15170 लाख यूनिट का करार पड़ रहा भारी

Power shortage in Himachal Pradesh
अनिल शर्मा, ऊर्जा मंत्री, हिमाचल सरकार

एनपीसीएल (नोएडा), बीवाईपीएल (दिल्ली) और बीआरपीएल (दिल्ली) को बैंकिंग पर 15170 लाख यूनिट बिजली देना अब हिमाचल पर भारी पड़ने लगा है। इस बिजली को सर्दियों के मौसम में इन राज्यों से वापस लेने के करार के चलते हिमाचल अगले पांच महीनों तक बिजली की सप्लाई देने के लिए बाध्य है। बीते दिनों ही इन राज्यों के साथ इस बाबत बिजली बोर्ड ने करार किया है। ऐसे में बोर्ड के पास सरकार से सहायता मांगने के अलावा कोई चारा नहीं बचा है।

हिमाचल को वर्तमान में बिजली जरूरत : 270 लाख यूनिट
प्रदेश की अपनी योजनाओं में उत्पादन : 48 लाख यूनिट
सेंट्रल शेयर से हिमाचल को मिल रही : 190 लाख यूनिट
निजी क्षेत्र की परियोजना से मिल रही : 46 लाख यूनिट
हिमाचल प्रदेश सरकार रोजाना दे रही : 22 लाख यूनिट

अपने कोटे की बिजली देने से सरकार को नुकसान- राज्य बिजली बोर्ड को अपने कोटे की बिजली देकर जयराम सरकार को करोड़ों रुपये का नुकसान भी उठाना पड़ेगा। आगामी दस दिन तक सरकार बोर्ड को 2.48 रुपये प्रति यूनिट के दाम पर बिजली बेचेगी।

वर्तमान में सरकार अपने कोटे की बिजली को 4.26 रुपये प्रति यूनिट के दाम पर उत्तर प्रदेश और 5.41 रुपये प्रति यूनिट के दाम पर बिहार को बेच रही है। प्रदेश में स्थापित विभिन्न बिजली परियोजनाओं से हिमाचल सरकार को वित्तीय वर्ष 2018-19 के दौरान 5470 लाख यूनिट बिजली नि:शुल्क मिलेगी। सरकार की बिजली परियोजनाओं में हिस्सेदारी होने के नाते यह बिजली नि:शुल्क मिलती है।

लोगों को नहीं आने देंगे परेशानी- प्रदेश में पर्याप्त मात्रा में बारिश न होने और पर्वतीय क्षेत्रों में ठंड बढ़ने के चलते बर्फ नहीं पिघल रही। इसी वजह से बिजली परियोजनाओं में उत्पादन घटा है। प्रदेश की जनता को बिजली संकट का सामना न करना पड़े, इसके लिए सरकार ने बिजली बोर्ड को आगामी दस दिनों तक रोजाना 22 लाख यूनिट बिजली देने का फैसला लिया है। - अनिल शर्मा, ऊर्जा मंत्री, हिमाचल सरकार

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