कुल्लू: बांस के डंडों के सहारे सात किलोमीटर दूर सड़क तक पहुंचाया बुजुर्ग
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हिमाचल प्रदेश के जिला मुख्यालय कुल्लू के साथ लगती लगघाटी की अति दुर्गम ग्राम पंचायत फलाण आज भी सड़क से वंचित है। बीमार लोगों को कुर्सी पर उठाकर अस्पताल पहुंचाना पड़ रहा है। ऐसा ही मामला पंचायत के फलाण-दो गांव में सामने आया है। यहां एक मरीज को ग्रामीणों ने सात किलोमीटर तक स्ट्रेचर पर उठाकर कुल्लू अस्पताल पहुंचाया। शांगरू राम (95) को रविवार सुबह घर में ही गिरने के कारण पैर में चोट लगी। सड़क नहीं होने से उन्हें ग्रामीणों ने स्ट्रेचर पर उठाकर कालंग के साथ लगते स्थान रिढ़ी के पास पहुंचाया। यहां बुजुर्ग को वाहन के माध्यम से कुल्लू अस्पताल लाया गया। गत शनिवार को इसी पंचायत के जिंदी गांव की 85 वर्षीय महिला संगती देवी को भी कुर्सी पर उपचार के लिए कुल्लू लाया गया था।
जानकारी के अनुसार बुजुर्ग महिला की अचानक दिल का दौरा पड़ने से तबीयत बिगड़ी। परिजनों ने ग्रामीणों की सहायता से महिला को छह किलोमीटर दूर शांलग पहुंचाया, जहां से महिला को उपचार के लिए वाहन में क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू लाया गया। हैरानी की बात है कि ग्राम पंचायत फलाण का एक भी गांव सड़क से नहीं जुड़ा है। बुजुर्ग मरीज शांगरू राम के पुत्र रोशन लाल, ग्रामीण भगत राम, दिले राम, चुनी लाल, होतम राम ने कहा कि गांव तक सड़क न होने से लोगों को परेशान होना पड़ता है। बीमारी की हालत में मरीजों को सात किलोमीटर तक उठाकर सड़क तक लाने के लिए ग्रामीण मजबूर हैं। उधर, लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता एसके धीमान ने कहा कि ग्राम पंचायत फलाण के लिए प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत सड़क सुविधा से जोड़ने की योजना है।