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हिमाचल में प्री प्राइमरी स्कूलों में शिक्षक भर्ती के लिए एनटीटी अनिवार्य
Wed, 14 Apr 2021 10:50 AM IST
Krishan Singh
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: Krishan Singh
Updated Wed, 14 Apr 2021 10:50 AM IST
सार
सरकार से मंजूरी मिलते ही शिक्षकों की भर्ती को लेकर बीते लंबे समय से चल रहा विवाद खत्म हो जाएगा।वर्तमान में 3840 सरकारी स्कूलों में नर्सरी और केजी की कक्षाएं चल रही हैं।
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प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश के प्री प्राइमरी स्कूलों में शिक्षक भर्ती के लिए नर्सरी टीचर ट्रेनिंग (एनटीटी) अनिवार्य करने की तैयारी शुरू हो गई है। प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने इस बाबत प्रस्ताव तैयार कर प्रदेश सरकार की मंजूरी के लिए भेजा है। सरकार से मंजूरी मिलते ही शिक्षकों की भर्ती को लेकर बीते लंबे समय से चल रहा विवाद खत्म हो जाएगा। वर्तमान में 3840 सरकारी स्कूलों में नर्सरी और केजी की कक्षाएं चल रही हैं।
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एनटीटी कर चुकी महिलाएं बीते लंबे समय से उन्हें ही इन स्कूलों में नियुक्ति देने की मांग कर रही हैं। उधर, आंगनबाड़ी वर्कर भी नियुक्ति की मांग को लेकर संघर्षरत हैं। दोनों ही संगठनों की ओर से बीते दिनों विधानसभा के बजट सत्र के दौरान प्रदर्शन भी किए थे। इसी बीच प्रारंभिक शिक्षा निदेशालय ने नर्सरी टीचर ट्रेनिंग करने वालों को ही बतौर शिक्षक प्री प्राइमरी कक्षाओं में नियुक्त करने का प्रस्ताव तैयार कर लिया है।
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भारत सरकार से मान्यता प्राप्त संस्थानों से एक वर्ष की ट्रेनिंग करने वालों को शिक्षक नियुक्त करने की निदेशालय ने सिफारिश की है। दस विद्यार्थियों से अधिक संख्या वाले स्कूलों में शिक्षकों की भर्ती करने का प्रस्ताव भी बनाया गया है। इन शिक्षकों के लिए आयु सीमा 18 से 45 वर्ष तय की गई है। अब देखना होगा कि सरकार निदेशालय के इस प्रस्ताव पर क्या फैसला लेती है। उधर, मई में होने वाली केंद्र सरकार की प्रोजेक्ट अप्रूवल बोर्ड की बैठक में भी इस मामले को लेकर चर्चा होने की संभावना है।
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