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अब गैर हिमाचलियों को बेचे जा सकेंगे छोटे बिजली प्रोजेक्ट
ब्यूरो/अमर उजाला, शिमला
Updated Sun, 23 Oct 2016 09:14 AM IST
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हिमाचल में गैर हिमाचलियों को छोटे बिजली प्रोजेक्ट बेचे जा सकेंगे। पांच मेगावाट तक के बिजली प्रोजेक्टों को कमीशनिंग के दो साल बाद बेचा जा सकेगा। सरकार ने शनिवार को इसकी अधिसूचना जारी कर ली। कमीशनिंग से पहले 51 प्रतिशत तक के शेयर गैर हिमाचलियों को बेचे जा सकेंगे।
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प्रदेश में सैकड़ों छोटे बिजली प्रोजेक्ट ऐसे हैं, जो आवंटन के बाद कमीशनिंग की स्टेज पर ही नहीं आ पाए हैं। हाल ही में राज्य मंत्रिमंडल ने हाइड्रो पॉवर पॉलिसी 2006 में निजी निवेशकों के लिए इस बदलाव को मंजूरी दे दी थी।
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शनिवार को जारी की गई अधिसूचना के मुताबिक जिन बोनाफाइड हिमाचलियों को दो मेगावाट तक के बिजली प्रोजेक्ट जारी किए गए हैं, उनकी ओर से इन्हें बेचने को दिए प्रस्तावों को राज्य सरकार मंजूरी दे सकेगी। आवंटन के बाद किसी भी स्टेज पर 49 प्रतिशत इक्विटी शेयर बेचे जा सकेंगे।
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प्रोजेक्ट के चालू होने के दो साल के बाद गैर हिमाचली को बेचा जा सकेगा। ऐसे ही दो से पांच मेगावाट तक की परियोजनाओं के आवंटन के बाद तुरंत बाद से इनकी 51 प्रतिशत तक के इक्विटी शेयर बेचे जा सकेंगे। चालू हो जाने के दो साल के बाद इन्हें गैर हिमाचलियों को बेचा जा सकेगा।
गैर हिमाचलियों को दो मेगावाट तक के प्रोजेक्टों की 26 से 49 प्रतिशत तक की शेयर इक्विटी बेचने और दो से पांच मेगावाट तक के प्रोजेक्टों की 49 से 51 प्रतिशत तक की शेयर इक्विटी बेचने के मामले में प्रति मेगावाट की दर से 25 हजार रुपये फीस भी ली जाएगी। अतिरिक्त मुख्य सचिव ऊर्जा तरुण श्रीधर ने शनिवार को इसकी अधिसूचना जारी कर ली।