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Himachal: मुकेश अग्निहोत्री बोले- हिमाचल के हकों की लड़ाई जारी, पीएम दें दखल, करें स्थिति का मूल्यांकन
Mon, 16 Feb 2026 07:42 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी।
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी।
Published by: Krishan Singh
Updated Mon, 16 Feb 2026 07:42 PM IST
सार
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने मंडी के मंच से प्रदेश के वित्तीय अधिकारों को लेकर केंद्र सरकार से हस्तक्षेप की अपील की। उन्होंने कहा कि यह हिमाचल के हकों की लड़ाई है और सरकार इन अधिकारों को बहाल करवाने के लिए हर संभव प्रयास करेगी
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उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने कहा है कि प्रदेश में राजस्व घाटा अनुदान (आरडीजी) और जीएसटी कंपनसेशन को लेकर अहम लड़ाई शुरू हुई है। पहले यह सहायता हिमाचल प्रदेश को नियमित रूप से मिलती थी, जो संघीय ढांचे के तहत बेहद जरूरी है। पिछली सरकार के कार्यकाल में हिमाचल को करीब 75 हजार करोड़ रुपये की सहायता प्राप्त हुई, लेकिन मौजूदा सरकार को यह राशि नहीं मिल रही है। उन्होंने प्रधानमंत्री से इस मामले में हस्तक्षेप का आग्रह किया है। अंतरराष्ट्रीय महाशिवरात्रि महोत्सव के शुभारंभ अवसर पर उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री ने मंडी के मंच से प्रदेश के वित्तीय अधिकारों को लेकर केंद्र सरकार से हस्तक्षेप की अपील की।
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उन्होंने कहा कि यह हिमाचल के हकों की लड़ाई है और सरकार इन अधिकारों को बहाल करवाने के लिए हर संभव प्रयास करेगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री और केंद्र सरकार इस मामले में दखल दें और स्थिति का मूल्यांकन कर हिमाचल को उसका अधिकार दिलाएं। उपमुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को आश्वस्त किया कि न तो कर्मचारियों की तनख्वाह और पेंशन बंद होगी, न ही ओपीएस बंद किया जाएगा। न ही विकास कार्यों पर रोक लगेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार अपने संसाधनों से हरसंभव प्रयास करेगी, लेकिन मौजूदा स्थिति संघीय ढांचे की भावना के अनुरूप नहीं है। उन्होंने बताया कि विधानसभा का सत्र चल रहा है। इसमें जो भी निर्णय लिया जाएगा, उसकी जानकारी जनता को पता चल जाएगी।
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