{"_id":"5d5c20f28ebc3e6c3174e5cc","slug":"malayalam-actress-manju-warrier-safe-in-lahaul-dc-kullu","type":"story","status":"publish","title_hn":"मलयालम अभिनेत्री मंजू वारियर लाहौल में सुरक्षित, 100 से अधिक पर्यटकों को रेस्क्यू किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मलयालम अभिनेत्री मंजू वारियर लाहौल में सुरक्षित, 100 से अधिक पर्यटकों को रेस्क्यू किया
Tue, 20 Aug 2019 10:04 PM IST
Krishan Singh
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कुल्लू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कुल्लू
Published by: Krishan Singh
Updated Tue, 20 Aug 2019 10:04 PM IST
विज्ञापन
अभिनेत्री मंजू वारियर
- फोटो : सोशल मीडिया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीते तीन दिनों तक भारी बारिश व बर्फबारी से बंद पड़ा मनाली-लेह मार्ग बहाल हो गया है। लेकिन मनाली-काजा मार्ग अभी बंद पड़ा है। स्पीति घाटी के बातल और छोटा दड़ा के बीच फंसे करीब 100 से अधिक सैलानियों को निकाल दिया है। सड़क के बंद होने से यहां सैकड़ों वाहन फंसे हुए हैं। इसके अलावा यहां साउथ की मलयालम फिल्म की यूनिट भी है।
विज्ञापन
हालांकि सोमवार को भी यहां प्रशासन, बीआरओ ने संयुक्त रूप से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया, जहां से करीब 100 सैलानियों को निकाला था। इससे पहले भी प्रशासन और बीआरओ ने लाहौल के कोकसर व चंद्रताल में फंसे करीब 200 सैलानियों को बाहर निकाला था। 18 अगस्त को ऑक्सीजन के कमी के कारण दिल्ली के 34 वर्षीय मुकेश कुमार गुप्ता की मौत हो गई थी और उनके साथी की तबीयत बिगड़ने पर उनका केलांग अस्पताल में उपचार करवाया गया था।
विज्ञापन
रेस्क्यू टीम ने स्पीति घाटी में फिल्म की शूटिंग कर रही एक यूनिट को भी बाहर निकालना चाहा तो उन्होंने आने से मना कर दिया था। फिल्म यूनिट के सभी 30 सदस्य बातल में सुरक्षित है। इनमें मलयालम अभिनेत्री मंजू वारियर भी शामिल हैं। उपायुक्त लाहौल-स्पीति केके सरोच ने कहा कि प्रशासन और बीआरओ की टीम मौके पर पहुंची लेकिन फिल्म यूनिट ने बाहर आने से बना किया है।
विज्ञापन
यूनिट ने कहा कि वह सुरक्षित है और उन्हें किसी तरह की समस्या नहीं है और बुधवार सुबह वे स्वंय घाटी से बाहर निकलेंगे। उन्होंने कहा कि छोटा दड़ा से काजा तक सड़क बहाल हो गई है। जानकारी के अनुसार मनाली-ग्रांफू-काजा मार्ग स्थित बातल और छोटा दड़ा के बीच भारी भूस्खलन हुआ और एक जगह सड़क का भारी हिस्सा भूस्खलन में बह गया है। ऐसे में यहां यातायात को बहाल करना बीआरओ के लिए आसान नहीं है।
वहीं, मनाली-लेह सामरिक मार्ग सोमवार देर शाम को यातायात के लिए बहाल हो गया था। यहां फंसे करीब 400 सैलानी रोहतांग दर्रा होकर मनाली पहुंचे। एसडीएम मनाली डॉ. अमित गुलेरिया ने कहा कि लाहौल के सिस्सू और कोकसर में फंसे सभी लोग सोमवार रात को मनाली पहुंच गए हैं। जबकि स्पीति के ग्रांफू-काजा सड़क पर भूस्खलन होने से बातल और छोटा दड़ा में करीब 300 वाहन फंसे हैं।