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फील्ड अधिकारियों पर चुनाव आयोग की जीपीएस से नजर
Fri, 19 Apr 2019 01:30 PM IST
अरविन्द ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Fri, 19 Apr 2019 01:30 PM IST
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प्रदेश में चुनाव आयोग के फील्ड अधिकारियों पर जीपीएस से नजर रखी जा रही है। कहां-कहां गाड़ियां जा रही हैं, इस पर शिमला स्थित चुनाव आयोग कार्यालय को हर सूचना मिल रही है। आयोग ने प्रदेशभर में फ्लाइंग स्कवायड के रूप में लगभग 250 यूनिट तैनात कर रखे हैं। इनकी अलग-अलग क्षेत्रों में ड्यूटी लगाई गई है। राज्य भर में आदर्श चुनाव आचार संहिता की उल्लंघना पर नजर रखने के लिए भी लगभग 750 अधिकारी और कर्मचारी तैनात किए गए हैं।
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प्रदेश में किसी भी तरह से आदर्श चुनाव आचार संहिता की उल्लंघना न हो, इस पर भारतीय निर्वाचन आयोग काफी सख्त है। आयोग ने अपने शिमला स्थित कार्यालय में अपने नियंत्रण कक्ष को तमाम आधुनिक तकनीकी सुविधाओं से लैस कर रखा है।
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फील्ड में भेजी गए निरीक्षण अधिकारियों के वाहनों में जीपीएस उपकरण लगाए गए हैं। इससे ये तत्काल मालूम हो जाता है कि किस समय कौन सा वाहन कहां खड़ा है। अगर अपने कार्यक्षेत्र में कोई गाड़ी मुस्तैद नहीं हो तो भी यह पता चल रहा है कि वह कहां खड़ी है। ऐसे में संबंधित अधिकारी से तत्काल बात की जा रही है।
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शिकायत होने पर बजती है घंटी
जैसे ही सी विजिल ऐप पर कोई भी व्यक्ति आचार संहिता की उल्लंघना के किसी मामले की शिकायत करता है तो कंप्यूटर पर घंटी बजती है। इसी के साथ ही शिमला स्थित नियंत्रण कक्ष के अधिकारी सतर्क हो जाते हैं।
शिकायत के पांच मिनट के भीतर आवेदक को इसमें वीडियो या अन्य सबूत अपलोड करने होते हैं। इसके बाद 25 मिनट के अंदर अधिकारी को मौके पर जाकर जांच करनी होती है। करीब 40 मिनट के भीतर इस जांच पर संबंधित निर्वाचन अधिकारी को कार्रवाई करनी होती है। इसका अपडेट शिमला स्थित कार्यालय भी पहुंच जाता है।