ढाई साल के कार्यकाल में जयराम सरकार ने 50 फीसदी तक बढ़ा दिया बस किराया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जयराम सरकार के ढाई साल के कार्यकाल में ही बस किराये में 50 फीसदी तक बढ़ोतरी हो गई है। पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में पहाड़ी क्षेत्रों में साधारण बसों का प्रति किलोमीटर किराया 1.45 रुपये था। जयराम सरकार ने सत्ता में आने के बाद अब तक बस किराये में दो बार बढ़ोतरी की है। अब बस किराया 2. 18 रुपये है और न्यूनतम किराया दोगुना से ज्यादा है। कांग्रेस कार्यकाल में न्यूनतम किराया तीन रुपये था। बाद में इसे बढ़ाकर पांच और अब सात रुपये किया गया है। इससे पहले सरकार ने 30 सितंबर, 2018 को कैबिनेट बैठक में बस किराये में 22 फीसदी की बढ़ोतरी को मंजूरी दी थी। इससे पहले सरकार ने 30 सितंबर, 2018 को कैबिनेट बैठक में बस किराये में 22 फीसदी की बढ़ोतरी को मंजूरी दी थी। अब निजी बस ऑपरेटरों के दबाव के चलते सरकार ने जुलाई 2020 में फिर बस किराये में 25 फीसदी की बढ़ोतरी कर दी है। भाजपा सरकार के कार्यकाल में ही न्यूनतम किराया भी 3 रुपये से बढ़ाकर 5 रुपये कर दिया गया था। इसे सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में अब 7 रुपये कर दिया गया है।
वर्ष 2018 में जब सरकार ने बस किराया बढ़ाने की घोषणा की थी तो प्रदेश में कई जगह निजी बस ऑपरेटरों ने पांच की जगह 7 रुपये वसूलना शुरू भी कर दिया था, लेकिन जनता के विरोध के बाद सरकार को न्यूनतम किराया पांच रुपये करना पड़ा था। अब प्रदेश सरकार ने इसे बढ़ाकर फिर 7 रुपये कर दिया है। उधर, प्रदेश सरकार के बस किराया बढ़ाने के फैसले से माकपा और कांग्रेस लाल हो गई हैं। नेता प्रतिपक्ष मुकेश अग्निहोत्री ने कहा कि सरकार ने पहले राशन महंगा किया। उसके सब्सिडी हटा दी। फिर पंजीकरण शुल्क महंगा किया। बिजली मंहगी करने के बाद अब किराया बढ़ाकर जयराम सरकार जनता के कपड़े फाड़ने तक पहुंच गई है।
कहा कि हिमाचल में जयराम सरकार के इस फैसले का विरोध होगा। जनता को भाजपा सरकार की असलियत बनाई जाएगी। कहा कि यह फैसला पहले हो चुका था, सरकार चुपके से इसकी अधिसूचना जारी करने की फिराक में थी। मीडिया में बात सामने आने के बाद जब जनता ने इसका विरोध किया तो सरकार बैकफुट पर आ गई। प्रदेश सरकार को जनता की परवाह नहीं है, बल्कि वह निजी बस ऑपरेटरों को खुश करना चाहती है।
प्रति किलोमीटर होगा 2.18 रुपये किराया
प्रदेश सरकार की ओर से बस किराये में 25 फीसदी की बढ़ोतरी करने के बाद अब प्रति किलोमीटर किराया 2.18 रुपये होगा। पहले प्रति किलोमीटर किराया 1.75 रुपये था।