हिमाचल में ‘उड़ान’ नहीं भर पाया हवाई सेवा विस्तारीकरण का मामला
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी उड़ान योजना में सस्ती सीटें सीमित होने से हवा में सफर करने से आम जनता महरूम ही रही। प्रदेश में यातायात का मुख्य साधन सड़क मार्ग ही है। रेल सेवा सीमित होने के चलते बाहरी राज्यों से आने वाले लोगों को कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
सरकार की मुहिम को बड़ा झटका लगा
ऐसे में हवाई सेवा के सुदृढ़ होने से कुछ राहत मिलने की उम्मीद थी लेकिन राजधानी शिमला के लिए मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर द्वारा शुरू की गई हेली टैक्सी सेवा कुछ महीनों में ही बंद होने से सरकार की मुहिम को बड़ा झटका लगा है।
हालांकि, बल्ह में हवाई अड्डे के निर्माण, शिमला हवाई अड्डे के विस्तारीकरण का मामला केंद्र सरकार के समक्ष प्रमुखता से उठाया गया है। गगल, जुब्बडहट्टी और भुंतर हवाई अड्डों से हवाई उड़ानों की संख्या बढ़ाने के लिए भी सरकार प्रयासरत है।