{"_id":"6963aa28e591a2e5340c0f60","slug":"hindu-seminar-in-shimla-shimla-news-c-19-sml1002-661177-2026-01-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Shimla News: सामाजिक कुरीतियां और जातिवाद समाप्त कर समानता लाना सम्मेलन का उद्देश्य","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Shimla News: सामाजिक कुरीतियां और जातिवाद समाप्त कर समानता लाना सम्मेलन का उद्देश्य
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चौड़ा मैदान के सर्किट हाउस में हिंदू सम्मेलन में सैकड़ों लोगों ने लिया भाग
संयुक्त परिवारों के प्रचलन को बढ़ावा देने के लिए परिवारों को किया सम्मानित
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजधानी शिमला के चौड़ा मैदान स्थित सर्किट हाउस में सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में सामाजिक कुरीतियों और जातिवाद को समाप्त कर समानता लानेे का प्रयास किया गया। इस दौरान हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के सहायक आचार्य डॉ. विकुल ने मुख्य वक्ता के तौर पर शिरकत की। इसके साथ ही इस अवसर पर संयुक्त परिवारों के प्रचलन को दोबारा अस्तित्व में लाने और उन्हें बढ़ावा देने के लिए परिवारों को सम्मानित भी किया गया।
सम्मेलन में सैकड़ों लोगों ने शिरकत की जिनमें संयुक्त परिवार मुख्य तौर पर उपस्थित रहे। इन परिवारों को समागम में सम्मानित भी किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि के तौर पर डॉ. ऊषा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल रहीं। डॉ. विकुल ने कहा कि हमें बदलाव के लिए पांच परिवर्तन करना जरूरी है। इनमें समरसता, स्वयं का भाव, नागरिक कर्तव्य, परिवार प्रबोधन और पर्यावरण संरक्षण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि समाज को इन मूल्यों को जीवन में अपनाना चाहिए। इस दौरान संयुक्त परिवारों को सम्मानित किया गया। इनमें कन्धारी परिवार, अनाडेल देवक परिवार, कैथू वालिया परिवार, चौड़ा मैदान गुप्ता परिवार और चौड़ा मैदान केवल वर्मा के परिवार शामिल रहे। महिलाओं ने ढोलक और चिमटे की थाप पर भजन कीर्तन किया। रतन चंद शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस मौके पर संघ चालक शिमला अजय सूद, संघ प्रचारक अभिषेक, माधव नगर संघ चालक उधम, शिमला विभाग विमर्श प्रमुख एवं हिंदू सम्मेलन संयोजक अनुज पंत मौजूद रहे।
विज्ञापन
संयुक्त परिवारों के प्रचलन को बढ़ावा देने के लिए परिवारों को किया सम्मानित
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। राजधानी शिमला के चौड़ा मैदान स्थित सर्किट हाउस में सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन में सामाजिक कुरीतियों और जातिवाद को समाप्त कर समानता लानेे का प्रयास किया गया। इस दौरान हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय के सहायक आचार्य डॉ. विकुल ने मुख्य वक्ता के तौर पर शिरकत की। इसके साथ ही इस अवसर पर संयुक्त परिवारों के प्रचलन को दोबारा अस्तित्व में लाने और उन्हें बढ़ावा देने के लिए परिवारों को सम्मानित भी किया गया।
सम्मेलन में सैकड़ों लोगों ने शिरकत की जिनमें संयुक्त परिवार मुख्य तौर पर उपस्थित रहे। इन परिवारों को समागम में सम्मानित भी किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि के तौर पर डॉ. ऊषा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल रहीं। डॉ. विकुल ने कहा कि हमें बदलाव के लिए पांच परिवर्तन करना जरूरी है। इनमें समरसता, स्वयं का भाव, नागरिक कर्तव्य, परिवार प्रबोधन और पर्यावरण संरक्षण शामिल हैं। उन्होंने कहा कि समाज को इन मूल्यों को जीवन में अपनाना चाहिए। इस दौरान संयुक्त परिवारों को सम्मानित किया गया। इनमें कन्धारी परिवार, अनाडेल देवक परिवार, कैथू वालिया परिवार, चौड़ा मैदान गुप्ता परिवार और चौड़ा मैदान केवल वर्मा के परिवार शामिल रहे। महिलाओं ने ढोलक और चिमटे की थाप पर भजन कीर्तन किया। रतन चंद शर्मा विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस मौके पर संघ चालक शिमला अजय सूद, संघ प्रचारक अभिषेक, माधव नगर संघ चालक उधम, शिमला विभाग विमर्श प्रमुख एवं हिंदू सम्मेलन संयोजक अनुज पंत मौजूद रहे।
विज्ञापन